महासमुंद जिले में स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से संलग्नीकरण समाप्त करने का आदेश जारी किया गया था, लेकिन इसका जमीनी असर अब तक नजर नहीं आ रहा है। आदेश के बावजूद जिले के 52 डॉक्टर, स्टाफ नर्स और अन्य स्वास्थ्यकर्मी अपने मूल पदस्थापना स्थल पर लौटने को तैयार नहीं हैं। नतीजतन, ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं और मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
स्वास्थ्य मंत्री ने 12 मार्च 2026 को विधानसभा में स्वास्थ्य संस्थाओं में वर्षों से चल रहे संलग्नीकरण को समाप्त करने की घोषणा की थी। इसके बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) ने 13 अप्रैल 2026 को आदेश जारी कर जिले में विभिन्न स्थानों पर संलग्न 52 अधिकारी-कर्मचारियों को कार्यमुक्त करते हुए तीन दिन के भीतर मूल पदस्थापना स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए थे।
हालांकि, आदेश जारी होने के करीब 12 दिन बाद भी अधिकांश कर्मचारी अपने मूल स्थानों पर नहीं पहुंचे हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार, कई कर्मचारी वर्षों से एक ही जगह पर कार्यरत हैं और अब वहां से हटना नहीं चाहते। कुछ कर्मचारी राजनीतिक पहुंच का उपयोग कर आदेश को टालने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि कुछ ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है। हालांकि, न्यायालय जाने वाले कुछ नाम सूची से बाहर बताए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं पर सीधा असर
मूल पदस्थापना स्थल पर कर्मचारियों की अनुपस्थिति का सबसे ज्यादा असर ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों पर पड़ रहा है। कई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पहले से ही स्टाफ की कमी से जूझ रहे थे, ऐसे में नियुक्त कर्मचारी भी नहीं पहुंचने से स्थिति और गंभीर हो गई है। दूरस्थ इलाकों के मरीजों को इलाज के लिए या तो लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है या फिर निजी अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे आर्थिक बोझ भी बढ़ रहा है। गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और गंभीर मरीजों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है।
सालों से जमे कर्मचारी नहीं छोड़ना चाहते स्थान
सूत्रों की मानें तो कई स्वास्थ्यकर्मी वर्षों से जिला मुख्यालय या सुविधाजनक स्थानों पर संलग्न हैं। इन जगहों पर सुविधाएं बेहतर होने के कारण वे मूल पदस्थापना स्थल, जो अक्सर ग्रामीण या दूरस्थ क्षेत्र होते हैं, वहां लौटने से बच रहे हैं। यही वजह है कि आदेश के बावजूद कर्मचारी जॉइनिंग में देरी कर रहे हैं।
कार्रवाई की तैयारी, सीएमएचओ का सख्त रुख
सीएमएचओ डॉ. आई. नागेश्वर राव ने स्पष्ट किया है कि सभी संबंधित कर्मचारियों को जल्द से जल्द अपने मूल पदस्थापना स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि कुछ कर्मचारियों ने जॉइनिंग दे दी है, लेकिन बाकी अभी भी नहीं पहुंचे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जो कर्मचारी आदेश का पालन नहीं करेंगे, उनके खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इसमें वेतन रोकना, अनुशासनात्मक कार्रवाई और निलंबन जैसे कदम शामिल हो सकते हैं।
इन कर्मचारियों को लौटना है मूल पदस्थापना स्थल पर
सीएमएचओ द्वारा जारी सूची के अनुसार, जिन कर्मचारियों को मूल पदस्थापना स्थल पर लौटना है, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—- श्रीमती शोभा शर्मा, ग्रामीण चिकित्सा सहायक – वर्तमान: बिरकोनी (महासमुंद), मूल: खल्लारी (बागबाहरा)
- स्मृति कुमार, स्टाफ नर्स – वर्तमान: जीएनएम ट्रेनिंग सेंटर महासमुंद, मूल: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बागबाहरा
- माधुरी यादव, स्टाफ नर्स – वर्तमान: खम्हरिया (बागबाहरा), मूल: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बागबाहरा
- उमेश ठाकुर, मेडिकल लैब टेक्नोलॉजिस्ट – वर्तमान: जिला क्षय उन्मूलन, मूल: खल्लारी (बागबाहरा)
- सचिन तांडी, चौकीदार – वर्तमान: सीएमएचओ कार्यालय महासमुंद, मूल: बागबाहरा
- टकेश्वर सिन्हा, नेत्र सहायक – वर्तमान: महासमुंद, मूल: खल्लारी
- आशीष वर्मा, विकासखंड लेखा प्रबंधक – वर्तमान: तुमगांव, मूल: बागबाहरा
- देवेन्द्र ठाकुर, एमएलटी – वर्तमान: जिला क्षय उन्मूलन केंद्र, मूल: हाथीबाहरा
- श्रीमती तिलेश्वरी पात्रे, एलएचवी – वर्तमान: तुमगांव, मूल: बसना
- श्रीमती कुंजलता साव, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: बरोली, मूल: उप स्वास्थ्य केंद्र बरोली
- निधि डोंगरे, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी – वर्तमान: बोडरीदादर (बागबाहरा), मूल: दुर्गापाली (बसना)
- अंजली ध्रुव, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: सोरिद, मूल: गणेशपुर (बसना)
- नर्मदा ध्रुव, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: सिरपुर, मूल: उमरिया (बसना)
- श्रीमती टी. नागवंशी, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: झिलमिला (सरायपाली), मूल: समदरहा
- श्रीमती रजनी पटेल, स्टाफ नर्स – वर्तमान: पाटसेन्द्री, मूल: सरायपाली
- रूपेश साहू, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: मोहगांव, मूल: बलौदा
- उदय कुमार साहू, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: बलौदा, मूल: मोहगांव
- संतोष साहू, स्वीपर – वर्तमान: सीएचसी सरायपाली, मूल: पाटसेन्द्री
- सुश्री तिलोतमा पटेल, स्टाफ नर्स – वर्तमान: सीएचसी सरायपाली, मूल: पाटसेन्द्री
- श्रीमती शिम्पी गिरी, सहायक ग्रामीण चिकित्सा – वर्तमान: सरायपाली, मूल: सिंघोडा
- श्रीमती मायावती चौहान, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: सिरबोडा, मूल: किसड़ी
- श्रीमती कामिनी ध्रुव, ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक – वर्तमान: जोबा (महासमुंद), मूल: टेमरी (सरायपाली)
(इसी प्रकार अन्य कर्मचारियों को भी मूल पदस्थापना स्थल पर लौटने के निर्देश दिए गए हैं।)

