सुकमा
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सफलता : मिनपा स्वास्थ्य केंद्र बना राष्ट्रीय मानक का प्रतीक, समर्पण की नई मिसाल
सुकमा जिले के मिनपा स्वास्थ्य केंद्र ने कठिन भौगोलिक और संसाधन संबंधी चुनौतियों के बावजूद स्वास्थ्य सेवा में उत्कृष्टता हासिल की है। 2022 में सीमित संसाधनों और अस्थायी व्यवस्थाओं से शुरुआत करने वाला यह केंद्र अब राष्ट्रीय गुणवत्ता मानक (हृक्त्रस्) मूल्यांकन में मान्यता प्राप्त कर चुका है। स्वास्थ्य विभाग की टीम, मितानिन, एएनएम, सीएचओ और जिला प्रशासन के सहयोग से नियमित हेल्थ कैंप और जनजागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीणों के बीच विश्वास और स्वास्थ्य संस्कृति को मजबूत किया।15 अप्रैल 2026 को राष्ट्रीय गुणवत्ता मानक दल द्वारा किए गए निरीक्षण में मिनपा स्वास्थ्य केंद्र ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान : सुकमा में 1.54 लाख से अधिक लोगों की स्वास्थ्य जांच पूरी, 4990 मरीज चिन्हित
मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान के तहत सुकमा जिले में दूरस्थ और अंदरूनी क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जा रही हैं। अब तक 1,54,157 लोगों की जांच पूरी हो चुकी है और 4,990 मरीज गंभीर बीमारियों के लिए चिन्हित किए गए हैं। नियद नेल्लानार क्षेत्र के 39 मरीजों को जिला अस्पताल लाकर उपचार, मोतियाबिंद ऑपरेशन, चश्मा वितरण और विशेष चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई। अभियान के माध्यम से गर्भवती महिलाओं और जरूरतमंद मरीजों को समय पर इलाज और सुरक्षित वापसी की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
नक्सलियों के गढ़ पूवर्ती में पहली बार जनगणना : 3 दिन में पूरे गांव का सर्वे, 234 मकान और 950 से ज्यादा आबादी दर्ज
सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित पूवर्ती गांव में पहली बार जनगणना का कार्य पूरा हुआ। माड़वी हिड़मा और देवा बारसे के गांव में महज 3 दिनों में 234 मकानों और 950 से ज्यादा आबादी का सर्वे किया गया। स्थानीय भाषा और संवेदनशील परिस्थितियों के बावजूद टीम ने हर घर तक पहुंचकर काम पूरा किया। कलेक्टर अमित कुमार ने इसे प्रेरणादायक बताया। कभी नक्सल आतंक के लिए चर्चित पूवर्ती अब विकास और प्रशासनिक पहुंच की नई मिसाल बन रहा है।
नक्सलवाद के खात्मे के बाद बस्तर-2 प्रोजेक्ट की शुरुआत : सीएम साय सुकमा पहुंचे, 308 करोड़ के विकास कार्यों की सौगात
सुकमा में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 308 करोड़ रुपए के 228 विकास कार्यों की सौगात दी, जिसमें 159 का शिलान्यास और 69 का लोकार्पण शामिल है। नक्सल प्रभावित बस्तर में अब तेजी से शांति और विकास लौट रहा है—3 हजार से अधिक नक्सली सरेंडर कर चुके हैं, गांवों में स्कूल और स्वास्थ्य सेवाएं पहुंच रही हैं। “मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान” के तहत 1100 टीमें घर-घर जांच करेंगी, वहीं महिलाओं, आदिवासियों और दिव्यांगों को योजनाओं से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने पर जोर दिया गया है।