छत्तीसगढ़ सरकार ने CG Govt Training Rule के तहत अफसरों और कर्मचारियों की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब सरकारी कर्मचारियों को ऑनलाइन ट्रेनिंग लेना अनिवार्य कर दिया गया है। यदि कर्मचारी निर्धारित 3 कोर्स पूरे नहीं करते हैं, तो उनकी अप्रैल महीने की सैलरी रोकी जा सकती है।
क्या करना होगा कर्मचारियों को
सरकार के निर्देश के मुताबिक वर्ग-3 और उससे ऊपर के सभी कर्मचारियों को:
- अपने पद के अनुसार कोर्स चुनना होगा
- कम से कम 3 कोर्स पूरे करना अनिवार्य
- AI से संबंधित कोर्स सभी के लिए जरूरी
इन कोर्स में विभागीय कार्यप्रणाली, नेतृत्व क्षमता, नैतिकता, नागरिक सेवा, डिजिटल सिस्टम और डेटा प्रबंधन जैसे विषय शामिल हैं।
सैलरी से जोड़ा गया नियम
सरकार ने इस बार सख्ती दिखाते हुए ट्रेनिंग को सीधे वेतन से जोड़ दिया है।
- अप्रैल की सैलरी निकालने से पहले 3 कोर्स पूरे करना जरूरी
- कोर्स अधूरे रहने पर वेतन आहरण पर रोक लग सकती है
अब प्रमोशन पर भी असर
सिर्फ सैलरी ही नहीं, आने वाले समय में कर्मचारियों की वार्षिक मूल्यांकन प्रक्रिया पर भी इसका असर पड़ेगा।
- वर्ष 2026-27 से APAR (वार्षिक गोपनीय प्रतिवेदन) में कोर्स पूरा करना अनिवार्य होगा
- इससे कर्मचारियों के प्रमोशन और परफॉर्मेंस मूल्यांकन पर सीधा प्रभाव पड़ेगा
सरकार का मकसद
इस पहल के जरिए सरकार प्रशासन को अधिक सक्षम और आधुनिक बनाना चाहती है।
- कर्मचारियों को नई तकनीक और डिजिटल सिस्टम से जोड़ना
- कार्यकुशलता और जवाबदेही बढ़ाना
- जनता को बेहतर और तेज सेवाएं उपलब्ध कराना

कीर्तिमान एनालिसिस
सरकार का यह कदम सरकारी सिस्टम में “सीखो और आगे बढ़ो” की संस्कृति को मजबूत करेगा। हालांकि, अचानक सैलरी से जोड़ने के फैसले से कर्मचारियों पर दबाव भी बढ़ सकता है। आने वाले दिनों में यह देखना होगा कि यह व्यवस्था जमीनी स्तर पर कितनी प्रभावी साबित होती है।
