IPL 2026 में अर्जुन तेंदुलकर को लखनऊ सुपर जायंट्स की ओर से एक भी मैच खेलने का मौका नहीं मिला, लेकिन इसके बावजूद उनका नाम चर्चा में बना हुआ है। हाल ही में मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन द्वारा आयोजित टी20 मुंबई लीग की नीलामी में अर्जुन को 10 लाख रुपये में खरीदा गया, जो उनकी बेस प्राइस से करीब 5 गुना ज्यादा है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि जब घरेलू लीग में उनकी इतनी मांग है, तो आईपीएल में उन्हें मौका क्यों नहीं मिला?
क्यों नहीं मिले मौके
दरअसल, इसके पीछे सबसे बड़ा कारण टीम कॉम्बिनेशन और कड़ी प्रतिस्पर्धा माना जा रहा है। लखनऊ सुपर जायंट्स के पास पहले से ही अनुभवी और इन-फॉर्म गेंदबाजों की लंबी सूची थी, जिससे प्लेइंग XI में जगह बनाना आसान नहीं था। टीम मैनेजमेंट अक्सर उसी खिलाड़ी को मौका देता है जो तत्काल मैच जिताने की स्थिति में हो, और ऐसे में युवा खिलाड़ियों को इंतजार करना पड़ता है। इसके अलावा अर्जुन तेंदुलकर अभी अपने करियर के शुरुआती दौर में हैं और लगातार प्रदर्शन का अनुभव जुटा रहे हैं।
आईपीएल जैसी हाई-प्रेशर लीग में चयन के लिए सिर्फ प्रतिभा ही नहीं, बल्कि लगातार अच्छा प्रदर्शन और टीम की जरूरतों के हिसाब से फिट बैठना भी जरूरी होता है। हालांकि, टी20 मुंबई लीग में उन्हें 10 लाख रुपये में खरीदा जाना यह दिखाता है कि घरेलू सर्किट में उनकी वैल्यू और संभावनाएं बनी हुई हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर अर्जुन को नियमित मैच खेलने का मौका मिलता है, तो वह आने वाले समय में खुद को साबित कर सकते हैं।
आईपीएल करियर
अर्जुन ने आईपीएल में डेब्यू 2023 में किया था, जब वह मुंबई इंडियंस की ओर से खेले। उस सीजन में उन्हें कुल 4 मैच खेलने का मौका मिला। इन मैचों में उन्होंने लगभग 3 विकेट लिए और अपनी लाइन-लेंथ से प्रभावित किया। उनका सबसे यादगार पल वह रहा जब उन्होंने डेथ ओवर में शानदार गेंदबाजी करते हुए मैच जीताने में योगदान दिया। हालांकि बल्लेबाजी में उन्हें ज्यादा मौके नहीं मिले, इसलिए वहां उनका प्रदर्शन ज्यादा सामने नहीं आ पाया।
क्रिकेट की बात करें तो अर्जुन ने गोवा टीम की ओर से रणजी ट्रॉफी और अन्य टूर्नामेंट खेले हैं। रणजी ट्रॉफी डेब्यू में ही उन्होंने शतक (100 रन) बनाकर सभी को चौंका दिया था, जिससे उनकी ऑलराउंडर क्षमता सामने आई। इसके अलावा उन्होंने गेंदबाजी में भी समय-समय पर विकेट लिए हैं, हालांकि अभी उन्हें लगातार प्रदर्शन करने की जरूरत है।
टी20 और लिस्ट-ए क्रिकेट में भी अर्जुन ने कुछ मैच खेले हैं, जहां उनका प्रदर्शन औसत से बेहतर रहा है, लेकिन उन्हें अभी खुद को पूरी तरह स्थापित करना बाकी है।
सीजन 2024 :- में आईपीएल में उन्हें बहुत कम मौके मिले और वह ज्यादातर बेंच पर ही रहे। हालांकि घरेलू क्रिकेट में, खासकर गोवा के लिए खेलते हुए उन्होंने ऑलराउंडर के तौर पर योगदान दिया। गेंदबाजी में उन्होंने कुछ अहम विकेट लिए, लेकिन उनकी लाइन-लेंथ और निरंतरता में सुधार की जरूरत साफ दिखी। बल्लेबाजी में भी उन्हें ज्यादा मौके नहीं मिले, इसलिए बड़ा स्कोर देखने को नहीं मिला।
सीजन 2025 :- में भी स्थिति ज्यादा अलग नहीं रही। आईपीएल में उनकी जगह टीम कॉम्बिनेशन के कारण पक्की नहीं हो पाई, जिससे उन्हें नियमित खेल का मौका नहीं मिला। घरेलू टूर्नामेंट्स में उन्होंने कुछ मैचों में बेहतर प्रदर्शन किया—खासकर स्विंग गेंदबाजी में सुधार दिखा—लेकिन फिर भी वह लगातार मैच जिताने वाला प्रदर्शन नहीं दे पाए।
आईपीएल में मौका न मिलना अर्जुन तेंदुलकर के करियर के लिए अंत नहीं, बल्कि एक सीख और तैयारी का दौर है। अब घरेलू लीग में अच्छा प्रदर्शन ही उनके लिए टीम इंडिया और बड़े मंच पर वापसी का रास्ता खोल सकता है।
