कानून व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से पुलिस द्वारा 4 और 5 अप्रैल को ऑपरेशन निश्चय के तहत विशेष अभियान चलाया गया। यह अभियान बलौदाबाजार-भाटापारा, गरियाबंद, धमतरी, महासमुंद और रायपुर ग्रामीण जिलों में एक साथ संचालित किया गया, जिसमें अवैध शराब, मादक पदार्थ, अवैध हथियार रखने वालों और फरार वारंटियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई।
दो दिनों तक चले इस अभियान में कुल 95 पुलिस की टीमों ने सक्रिय भागीदारी निभाई और 384 स्थानों पर रेड, दबिश एवं सघन चेकिंग की। इस दौरान संदिग्ध व्यक्तियों और असामाजिक तत्वों पर विशेष नजर रखते हुए कई जगहों से अवैध शराब, नशीले पदार्थ और हथियार जब्त किए गए।
पुलिस ने कसा शिकंजा
आबकारी एक्ट के तहत 126 प्रकरण दर्ज कर 126 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की गई। वहीं नारकोटिक्स/एनडीपीएस एक्ट के तहत 22 मामलों में कार्रवाई करते हुए 21.945 किलोग्राम मादक पदार्थ और 60 नग टैबलेट जब्त किए गए। इसके अलावा आर्म्स एक्ट के 6 मामलों में कार्रवाई करते हुए 2 पिस्टल भी बरामद की गईं। विभिन्न प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत 174 मामलों में कार्रवाई की गई।
अभियान के दौरान फरार आरोपियों पर भी पुलिस ने शिकंजा कसा। वारंट तामील के तहत 31 गिरफ्तारी वारंट, 14 स्थायी वारंट और 1 जमानती वारंट सहित कुल 46 वारंट निष्पादित किए गए।

महासमुंद जिले में अभियान के तहत विशेष रूप से व्यापक कार्रवाई देखने को मिली, जहां 38 पुलिस टीमों ने 115 स्थानों पर दबिश दी। यहां आबकारी एक्ट के 35 प्रकरणों में 35 व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 357.020 लीटर शराब जब्त की गई। वहीं एनडीपीएस एक्ट के 2 मामलों में 6 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 10.500 किलोग्राम मादक पदार्थ बरामद किया गया।
अभियान रहेगा जारी
आर्म्स एक्ट के 1 मामले में भी कार्रवाई की गई, जबकि प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत 30 प्रकरणों में 41 व्यक्तियों पर कार्रवाई हुई। इसके अलावा 17 गिरफ्तारी वारंट और 3 स्थायी वारंट भी तामील किए गए।
पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन निश्चय का उद्देश्य क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना और आम जनता को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है। इस प्रकार के अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेंगे, ताकि अपराध और असामाजिक गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके।
