इसी क्रम में जिले में 75 ग्राम जनमन एवं धरती आबा के 308 ग्राम में अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और इस अभियान की विस्तृत जानकारी दी। बैठक में जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार, आदिम जाति विकास विभाग सहायक आयुक्त शिल्पा साय, स्वास्थ्य विभाग, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारी मौजूद थे तथा विभिन्न विभागों के विकासखण्ड अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे।
कलेक्टर लंगेह ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि स्वास्थ्य, शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, पोषण, पेयजल एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं से संबंधित योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि अभियान का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ एवं विशेष पिछड़ी जनजातीय क्षेत्रों में शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है।
जनसुनवाई एवं शिकायत निवारण व्यवस्था
कलेक्टर ने कहा कि अभियान के दौरान अधिकारी एवं मैदानी अमला गांवों में पहुंचकर जनसुनवाई आयोजित करेंगे तथा प्राप्त आवेदनों एवं शिकायतों का त्वरित निराकरण किया जाएगा। जिले के आदि सेवा केन्द्रों में भी आमजन की समस्याओं के समाधान हेतु विशेष व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इस दौरान आदि सेवा साथी भी मौजूद रहेंगे। कलेक्टर सभी विभागों को निर्देशित करते हुए कहा कि शिविरों के माध्यम से विभागीय योजनाओं का प्रचार-प्रसार करते हुए हितग्राहियों को लाभ दिलाएं।
डिजिटल मॉनिटरिंग एवं जनभागीदारी
शिविर एवं ग्राम स्तर की गतिविधियाँ
सहायक आयुक्त ने बताया कि 19 मई से 25 मई तक गांवों में संतृप्तिकरण शिविर, स्वास्थ्य परीक्षण शिविर तथा पौधरोपण अभियान चलाए जाएंगे। इस दौरान पात्र हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। 20 मई को प्रधानमंत्री जनमन एवं डीए-जेजीयूए के चयनित गांवों में ग्राम भ्रमण अभियान आयोजित होगी। इसमें अधिकारी, आदि कर्मयोगी एवं स्वयंसेवी संस्थाएं गांवों में भ्रमण कर वास्तविक स्थिति का अवलोकन करेंगे, जनजागरूकता फैलाएंगे तथा जनसुनवाई की तिथि की जानकारी देंगे।
जनसुनवाई कार्यक्रम एवं दस्तावेजीकरण
इसी तरह 21 मई से 23 मई तक गांवों में प्रतिदिन जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में ग्रामीणों की समस्याएं सुनी जाएंगी तथा लंबित प्रकरणों एवं पात्रता संबंधी मामलों का त्वरित निराकरण किया जाएगा। 24 मई को अभियान के अंतर्गत हुए कार्यों का दस्तावेजीकरण किया जाएगा। इसके तहत जनसुनवाई की प्रगति रिपोर्ट एवं प्रूफ कार्ड तैयार किए जाएंगे, जिनमें प्राप्त शिकायतें, निराकृत प्रकरण, लंबित मामले, जिम्मेदार अधिकारी एवं फॉलोअप तिथि जैसी जानकारियां शामिल रहेंगी। अभियान का समापन 25 मई को समीक्षा एवं डिब्रीफिंग बैठक के साथ होगा।

