महासमुंद जिले के बागबाहरा थाना क्षेत्र में मानव तस्करी और बंधुआ मजदूरी से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जिन पर एक युवती को नौकरी का झांसा देकर उत्तर प्रदेश ले जाकर कई महीनों तक जबरन काम कराने और बंधक बनाकर रखने का आरोप है।
पीड़िता कामिनी नाग (20), निवासी बागबाहरा क्षेत्र, ने पुलिस में दर्ज कराई गई शिकायत में बताया कि ग्राम देवरी के भट्ठा संचालक शांता राम साहू और तोरण प्रजापति ने उसे बेहतर कमाई और रोजगार का प्रलोभन दिया था। आरोपियों ने उसे 35,000 रुपये अग्रिम देने के साथ-साथ अधिक वेतन वाली नौकरी का वादा किया और उत्तर प्रदेश स्थित एक ईंट भट्ठे में काम दिलाने के नाम पर अपने साथ ले गए।
कई महीनों तक बंधक बनाकर कराया गया काम
पीड़िता के अनुसार उसे 10 अक्टूबर 2025 से 11 अप्रैल 2026 तक उत्तर प्रदेश में बंधक बनाकर रखा गया। इस दौरान उससे लगातार, दिन-रात कठिन श्रम कराया गया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि इस अवधि में उसके साथ मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ना की गई और उसे किसी भी तरह की स्वतंत्रता नहीं दी गई।
किसी तरह वहां से बच निकलने में सफल होने के बाद वह अपने घर वापस पहुंची और परिजनों की मदद से पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, दोनों आरोपी गिरफ्तार
शिकायत मिलने के बाद बागबाहरा पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच शुरू की। प्राथमिक जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों—शांता राम साहू (56) और तोरण प्रजापति (49), निवासी ग्राम देवरी, थाना कोमाखान—को गिरफ्तार कर लिया।
दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं 143(1)(d) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पुलिस कार्रवाई:
- शिकायत के बाद बागबाहरा पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की।
- दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।
- उनके खिलाफ BNS की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस की अपील
पुलिस ने इस घटना के बाद लोगों से अपील की है कि वे बाहर राज्यों में नौकरी के नाम पर मिलने वाले किसी भी आकर्षक प्रस्ताव को बिना पूरी जांच-पड़ताल के स्वीकार न करें। साथ ही कहा गया है कि संदिग्ध रोजगार एजेंटों या व्यक्तियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि ऐसे मामलों को समय रहते रोका जा सके।
यह मामला एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नाम पर होने वाली मानव तस्करी और शोषण की गंभीर समस्या को उजागर करता है।
मामला
- 20 वर्षीय युवती कामिनी नाग को नौकरी और अधिक वेतन का झांसा देकर उत्तर प्रदेश ले जाया गया।
- आरोप है कि ग्राम देवरी के दो लोगों—शांता राम साहू और तोरण प्रजापति—ने उसे 35,000 रुपये अग्रिम देकर ईंट भट्ठे में काम दिलाने का लालच दिया।
- पीड़िता को 10 अक्टूबर 2025 से 11 अप्रैल 2026 तक एक ईंट भट्ठे में बंधक बनाकर रखा गया और उससे लगातार कठिन श्रम कराया गया।
- इस दौरान मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना और स्वतंत्रता से वंचित रखने की बात सामने आई है।
- किसी तरह बचकर वह घर लौटी और परिवार की मदद से पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
