तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के रुझानों में थलपति विजय की पार्टी टीवीके बहुमत के करीब पहुंचती दिख रही है। इसी दिन Trisha Krishnan के जन्मदिन और उनके Tirupati Temple दर्शन को फैंस विजय की जीत से जोड़ते हुए उन्हें “लेडी लक” बता रहे हैं।
तमिलनाडु
की राजनीति में सोमवार, 4 मई का दिन बड़े बदलाव का संकेत दे रहा है। पहली बार चुनावी मैदान में उतरे
अभिनेता-नेता Vijay की पार्टी तमिलगा वेट्री कझगम शुरुआती
रुझानों में दमदार प्रदर्शन करती दिख रही है। दोपहर 1 बजे तक
पार्टी करीब 108 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि सरकार बनाने के लिए 118 सीटों का आंकड़ा जरूरी
है। रुझानों की रफ्तार को देखते हुए राजनीतिक विश्लेषक इसे “नई शक्ति के उभार” के
तौर पर देख रहे हैं।
इसी बीच, सोशल मीडिया पर एक और नाम जबरदस्त
ट्रेंड कर रहा है—अभिनेत्री Trisha Krishnan। संयोग ऐसा कि 4
मई को उनका जन्मदिन है और चुनावी नतीजों के दिन ही उनकी मौजूदगी ने
फैंस के बीच अलग ही माहौल बना दिया है। रविवार शाम को तृषा Tirupati Temple
में दर्शन करने पहुंचीं, जहां से उनकी
तस्वीरें वायरल हो गईं।
फैंस ने
इस धार्मिक यात्रा और चुनावी बढ़त को जोड़ते हुए तृषा को विजय की “लेडी लक” बताना
शुरू कर दिया है। इंटरनेट पर वायरल कमेंट्स में यूजर्स लिख रहे हैं कि “तृषा के
बर्थडे पर विजय को असली गिफ्ट मिला है—सत्ता का रास्ता।”
दोपहर के
वक्त तृषा को विजय के घर के बाहर भी देखा गया, जिससे चर्चाओं को और हवा मिल गई। दोनों की “करीबी दोस्ती”
पहले भी कई बार सुर्खियों में रही है, और अब चुनावी जीत के
साथ यह चर्चा फिर तेज हो गई है।
राजनीतिक
परिदृश्य की बात करें तो TVK की यह बढ़त पारंपरिक दलों के लिए चुनौती मानी जा रही है। पहली बार चुनाव
लड़ते हुए विजय ने जिस तरह जनसमर्थन जुटाया है, वह तमिलनाडु
की राजनीति में एक नए समीकरण की ओर इशारा करता है। अगर अंतिम नतीजों में यह बढ़त
कायम रहती है, तो विजय का मुख्यमंत्री बनना लगभग तय माना जा
रहा है।
वहीं, विजय की निजी जिंदगी भी पिछले कुछ
समय से चर्चा में है। दिसंबर 2025 में उनकी पत्नी संगीता
सोरनालिंगम द्वारा तलाक की अर्जी देने के बाद, तृषा के साथ
उनकी नजदीकियों की खबरें फिर सामने आई थीं। अब जब चुनावी सफलता और तृषा का जन्मदिन
एक ही दिन पड़ रहे हैं, तो फैंस इस “कनेक्शन” को खास मान रहे
हैं।
फिलहाल नजरें अंतिम नतीजों पर टिकी हैं। अगर रुझान नतीजों में बदलते हैं, तो यह सिर्फ एक चुनावी जीत नहीं, बल्कि तमिलनाडु की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत होगी—जहां सिनेमा से राजनीति तक का सफर तय करने वाले विजय सत्ता के शिखर पर पहुंच सकते हैं।
