महाराष्ट्र के पालघर जिले में मुंबई-अहमदाबाद नेशनल हाईवे पर एक रोंगटे खड़े कर देने वाला सड़क हादसा हुआ है। शादी की खुशियां उस वक्त मातम में बदल गईं जब बारातियों से भरा एक आयशर ट्रक सामने चल रहे कंटेनर से जा टकराया। इस हृदयविदारक घटना में अब तक 13 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 20 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
यह दुर्घटना पालघर के धानिवरी गांव के पास हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रक में लगभग 100 लोग सवार थे, जो एक विवाह समारोह में शामिल होने जा रहे थे। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ट्रक अनियंत्रित होकर हाईवे पर ही पलट गया। ट्रक के नीचे दबने और कुचले जाने के कारण मौके पर ही अफरा-तफरी मच गई और चारों ओर चीख-पुकार सुनाई देने लगी।
बचाव कार्य और अस्पताल की स्थिति
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों ने बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस व एम्बुलेंस को सूचित किया।
तत्काल कार्रवाई: प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकाला।
उपचार: सभी घायलों को इलाज के लिए कासा उप-जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
नाजुक हालत: डॉक्टरों के मुताबिक, कई घायलों की स्थिति अत्यंत चिंताजनक बनी हुई है, जिसके कारण मृतक संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
हादसे के पीछे के कारण और प्रशासन पर सवाल
प्रारंभिक जांच में हादसे का मुख्य कारण ड्राइवर की लापरवाही और तेज रफ्तार को माना जा रहा है। हालांकि, इस घटना ने नेशनल हाईवे के बुनियादी ढांचे पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं:
अधूरा निर्माण कार्य: मुंबई-अहमदाबाद हाईवे पर लंबे समय से चल रहा कंक्रीटिंग का काम अधूरा है, जो आए दिन दुर्घटनाओं को न्योता दे रहा है।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी: एक ट्रक में 100 लोगों का सवार होना नियमों का बड़ा उल्लंघन है, जिस पर पुलिस जांच कर रही है।
"यह घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। हमारी प्राथमिकता घायलों को बेहतर इलाज मुहैया कराना है। मैंने सरकार से मांग की है कि मृतकों के परिजनों और घायलों को तुरंत आर्थिक सहायता दी जाए। साथ ही, इलाके में लंबे समय से लंबित ट्रॉमा सेंटर का काम युद्ध स्तर पर पूरा होना चाहिए ताकि आपात स्थिति में लोगों की जान बचाई जा सके।" — राजेंद्र गावित (विधायक)
स्थिति
फिलहाल, पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हाईवे पर पलटे हुए ट्रक को क्रेन की मदद से हटाकर यातायात को सुचारू कर दिया गया है। पूरे इलाके में इस हादसे के बाद शोक की लहर दौड़ गई है।

