📅 Friday, 01 May 2026 भारत
ब्रेकिंग
दो हृदयविदारक घटनाएं : अलग-अलग घटनाओं में DSP के युवा पुत्र और ग्रामीण ने लगाया मौत को गले हादसा : खारुन नदी में पिकनिक मनाने आए रायपुर के युवक की डूबने से मौत क्रूज हादसा : बरगी बांध में सुरक्षा नियमों की अनदेखी ने ली 9 मासूम जानें मेगा ऑपरेशन : शराब और भारतमाला घोटाले में 17 ठिकानों पर दबिश, करोड़ों का सोना और कैश बरामद बदमाशों का तांडव : व्यापारी की आंखों में कट्टा अड़ाकर 50 हजार की लूट, इलाके में सनसनी गौमांस की तस्करी : बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर सूटकेस में  महिलाएं ले जा रही थी गौमांस, हुए गिरफ्तार दो हृदयविदारक घटनाएं : अलग-अलग घटनाओं में DSP के युवा पुत्र और ग्रामीण ने लगाया मौत को गले हादसा : खारुन नदी में पिकनिक मनाने आए रायपुर के युवक की डूबने से मौत क्रूज हादसा : बरगी बांध में सुरक्षा नियमों की अनदेखी ने ली 9 मासूम जानें मेगा ऑपरेशन : शराब और भारतमाला घोटाले में 17 ठिकानों पर दबिश, करोड़ों का सोना और कैश बरामद बदमाशों का तांडव : व्यापारी की आंखों में कट्टा अड़ाकर 50 हजार की लूट, इलाके में सनसनी गौमांस की तस्करी : बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर सूटकेस में  महिलाएं ले जा रही थी गौमांस, हुए गिरफ्तार
W 𝕏 f 🔗
होम छत्तीसगढ़ मेगा ऑपरेशन : शराब और भारतमाला घोटाले में 17 ठिका…
AI फोटो
AI फोटो
🔴 BREAKING छत्तीसगढ़ ⭐ Featured

मेगा ऑपरेशन : शराब और भारतमाला घोटाले में 17 ठिकानों पर दबिश, करोड़ों का सोना और कैश बरामद

फरार आरोपी विकास अग्रवाल के भाई विवेक अग्रवाल (श्रीराम ज्वेलर्स के मालिक) के ठिकानों से 17 किलो सोना, हीरे के हार और भारी नकदी जब्त की गई है। विकास अग्रवाल, अनवर ढेबर के सिंडिकेट का सक्रिय सदस्य है और 4 साल से फरार है। भाजपा नेता चतुर्भुज राठी के 'अमर इंफ्रा' सहित अन्य फर्मों के रिकॉर्ड खंगाले गए। वहीं भिलाई में कारोबारी गोविंद मंडल के ठिकानों पर भी जांच हुई।

कीर्तिमान डेस्क
कीर्तिमान डेस्क
01 May 2026, 01:26 PM
📍 रायपुर/बिलासपुर/दुर्ग

छत्तीसगढ़ में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भ्रष्टाचार के दो बड़े मामलों—'शराब घोटाला' और 'भारतमाला सड़क परियोजना मुआवजा घोटाला' को लेकर प्रदेशव्यापी शिकंजा कस दिया है। गुरुवार तड़के से शुरू हुई यह कार्रवाई बिलासपुर, दुर्ग और भिलाई सहित 17 ठिकानों पर एक साथ चली। इस छापेमारी में जांच एजेंसी ने करोड़ों की बेनामी संपत्ति, 17 किलो सोना और हीरे के कीमती हार जब्त किए हैं।

बिलासपुर: ज्वेलरी कारोबारी के घर मिला खजाना

बिलासपुर में कार्रवाई का केंद्र बिंदु मैग्नेटो मॉल के पीछे रहने वाले ज्वेलरी कारोबारी विवेक अग्रवाल का निवास रहा। विवेक, इस घोटाले के मुख्य फरार आरोपी विकास अग्रवाल उर्फ 'सुब्बू' का भाई है।

  • बड़ी बरामदगी: सूत्रों के अनुसार, विवेक अग्रवाल के घर और उनके सदर बाजार स्थित 'श्रीराम ज्वेलर्स' पर की गई छापेमारी में ED को भारी मात्रा में जेवरात और नकदी मिली है। इसमें 17 किलोग्राम सोना और हीरे के हार शामिल हैं।

  • दस्तावेजों की जांच: अधिकारियों ने विवेक के व्यापारिक रिकॉर्ड, निवेश के कागजात और डिजिटल डिवाइस को अपने कब्जे में ले लिया है।

  • सीआरपीएफ का पहरा: कार्रवाई की संवेदनशीलता को देखते हुए स्थानीय पुलिस के बजाय सीआरपीएफ (CRPF) के जवानों को सुरक्षा में तैनात किया गया था, ताकि कोई भी बाहरी हस्तक्षेप न हो सके।

अनवर ढेबर और 'सुब्बू' का कनेक्शन

जांच एजेंसी के मुताबिक, शराब घोटाले के मास्टरमाइंड माने जाने वाले अनवर ढेबर ने एक सुव्यवस्थित सिंडिकेट बनाया था। इस सिंडिकेट में विकास अग्रवाल (सुब्बू) एक अहम कड़ी था।

  • वसूली का नेटवर्क: आरोप है कि विकास और उसका भाई विवेक, शराब दुकानों से कमीशन और अवैध वसूली का पैसा इकट्ठा करने में मदद करते थे।

  • 4 साल से फरार: विकास अग्रवाल पिछले चार वर्षों से फरार है और अदालत ने उसे 'वांटेड' घोषित कर रखा है। ED को संदेह है कि विकास ने घोटाले की काली कमाई को अपने भाई विवेक के ज्वेलरी व्यवसाय और अन्य बेनामी संपत्तियों में निवेश किया है।

दुर्ग-भिलाई: भाजपा नेता और अन्य फर्मों पर शिकंजा

ED की दूसरी टीम ने दुर्ग में प्रभावशाली भाजपा नेता और कारोबारी चतुर्भुज राठी के ठिकानों पर दस्तक दी। राठी की कंपनी 'अमर इंफ्रा' और उससे जुड़ी आधा दर्जन फर्मों के वित्तीय रिकॉर्ड खंगाले गए।

  • चतुर्भुज राठी का प्रोफाइल: राठी सड़क निर्माण, पुल निर्माण और कोयला खनन जैसे बड़े सरकारी प्रोजेक्ट्स से जुड़े हैं। वे सक्रिय राजनीति में भी प्रभावशाली हैं और विधानसभा चुनाव के दौरान भी चर्चा में रहे थे।

  • भिलाई में 'गलत' छापा? भिलाई में टीम गोविंद मंडल के निवास और फैक्ट्री पहुंची। हालांकि, मंडल ने दावा किया कि टीम गलती से उनके घर पहुंच गई थी, जबकि उन्हें कहीं और जाना था। बावजूद इसके, वहां घंटों पड़ताल जारी रही।

क्या है 3000 करोड़ का शराब घोटाला?

ED की जांच के अनुसार, छत्तीसगढ़ में तत्कालीन कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान राज्य में भारी वित्तीय अनियमितताएं हुईं।

  1. सिंडिकेट का खेल: IAS अनिल टुटेजा, आबकारी एमडी AP त्रिपाठी और अनवर ढेबर के बीच एक गठबंधन बना था।

  2. अवैध कमाई: बिना होलोग्राम की शराब बेचना, डिस्टिलर्स से प्रति केस कमीशन लेना और सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाकर निजी लाभ कमाना इस घोटाले का मुख्य हिस्सा था।

  3. FIR: इस मामले में ED ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) में FIR दर्ज कराई है, जिसमें घोटाले की राशि 3000 करोड़ से अधिक आंकी गई है।

भारतमाला मुआवजा घोटाला: 43 करोड़ की हेराफेरी

शराब घोटाले के साथ-साथ ED 'भारतमाला सड़क परियोजना' में हुए जमीन अधिग्रहण घोटाले की भी फाइलें खोल रही है।

  • तरीका: भू-माफियाओं ने राजस्व अधिकारियों के साथ मिलकर जमीन को छोटे-छोटे टुकड़ों में बांटा और बैक डेट में दस्तावेज तैयार किए, ताकि NHAI से अधिक मुआवजा वसूला जा सके।

  • निलंबन: इस मामले में अब तक कोरबा के डिप्टी कलेक्टर शशिकांत कुर्रे और जगदलपुर निगम कमिश्नर निर्भय साहू समेत कई अधिकारियों पर गाज गिर चुकी है। इन पर 43.18 करोड़ रुपये की गड़बड़ी का आरोप है।

ED की इस ताज़ा कार्रवाई ने छत्तीसगढ़ की सियासत में हलचल तेज कर दी है। एक तरफ जहां फरार आरोपी विकास अग्रवाल की तलाश तेज हो गई है, वहीं दूसरी तरफ बीजेपी और कांग्रेस दोनों से जुड़े चेहरों पर आंच आने से यह मामला अब और भी पेचीदा होता जा रहा है। आने वाले दिनों में और भी बड़ी गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है।

📱 हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
सरकारी सूचना राजनीति अतिथि
छत्तीसगढ़
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग
दुर्ग संभाग
बिलासपुर संभाग
सरगुजा संभाग
बस्तर संभाग
देश विदेश मनोरंजन/फैशन शिक्षा/करियर सेहत खेल कारोबार पर्यटन/यात्रा धर्म /ज्योतिष 🌙 डार्क/लाइट मोड ✍️ डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
🎬
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

⚠️
सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
🔔
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें