कलेक्टर विनय कुमार लंगेह के निर्देशानुसार जिले में अवैध खनिज उत्खनन और परिवहन के खिलाफ प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। खनिज विभाग द्वारा लगातार निगरानी और विशेष जांच अभियान चलाकर अवैध कारोबार पर कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में 21, 22 और 23 मई को खनिज विभाग की टीम ने संयुक्त जांच अभियान चलाते हुए अवैध रूप से खनिज परिवहन कर रहे 5 हाइवा वाहनों को जब्त किया है।
जिले में अवैध खनिज उत्खनन और परिवहन पर रोक लगाने के लिए प्रशासन लगातार सख्त कदम उठा रहा है। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह के निर्देशानुसार खनिज विभाग द्वारा विशेष निगरानी अभियान चलाकर अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में 21 मई, 22 मई और 23 मई को खनिज विभाग की टीम ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान बिना वैध दस्तावेजों के खनिज परिवहन करते पाए गए 5 हाइवा वाहनों को जब्त किया गया।
रेत और गिट्टी से भरे वाहनों पर कार्रवाई
खनिज विभाग से मिली जानकारी के अनुसार जप्त किए गए वाहनों में 3 हाइवा वाहन साधारण रेत से भरे हुए थे, जबकि 2 हाइवा वाहन गिट्टी का परिवहन कर रहे थे। जांच के दौरान वाहन चालकों द्वारा वैध अभिवहन पास और आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जा सके। इसके बाद विभागीय टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सभी वाहनों को जब्त कर लिया। अधिकारियों ने बताया कि अवैध परिवहन की शिकायतों के बाद लगातार निगरानी बढ़ाई गई थी, जिसके चलते यह कार्रवाई संभव हो सकी।अवैध उत्खनन और परिवहन को बताया गंभीर अपराध
खनिज विभाग ने बताया कि पूर्व में भी जिले के खनिज पट्टाधारकों, परिवहनकर्ताओं और कारोबारियों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया था कि बिना वैध अनुमति, अभिवहन पास अथवा दस्तावेजों के खनिज उत्खनन, परिवहन और भंडारण पूरी तरह अवैध एवं दंडनीय अपराध है। इसके बावजूद लगातार सामने आ रहे मामलों को देखते हुए अब प्रशासन ने और अधिक सख्त रुख अपनाने का निर्णय लिया है। विभाग का कहना है कि प्राकृतिक संसाधनों की अवैध निकासी से शासन को राजस्व की हानि होती है और पर्यावरणीय संतुलन भी प्रभावित होता है।
