सरगुजा जिले के अंबिकापुर में कारोबारी संदीप अग्रवाल की आत्महत्या के मामले में कोतवाली पुलिस ने मुख्य आरोपी पंकज चौधरी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी मृतक को ऊंची ब्याज दर पर पैसे उधार देता था और रकम वापस लेने के लिए लगातार दबाव बनाता था।
आरोप है कि आरोपी द्वारा जान से मारने की धमकी देकर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। पुलिस ने आरोपी के पास से घटना में इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन भी जब्त किया है। पुलिस ने बताया कि मर्ग जांच के दौरान मृतक के पास मिले सुसाइड नोट, परिजनों और अन्य गवाहों के बयान, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, मोबाइल की तकनीकी जांच और बैंक खातों के लेन-देन की जानकारी जुटाई गई। जांच में मृतक संदीप अग्रवाल और आरोपी पंकज चौधरी के बीच लगातार आर्थिक लेन-देन और फोन पर बातचीत होने की पुष्टि हुई।
ब्याज वसूली को लेकर प्रताड़ना का आरोप
जांच में यह बात सामने आई कि आरोपी पंकज चौधरी ने संदीप अग्रवाल को अधिक ब्याज पर रकम दी थी। भुगतान में देरी होने पर आरोपी मृतक पर दबाव बनाता था और धमकियां देता था। पुलिस के मुताबिक, संदीप अग्रवाल ने अपने सुसाइड नोट में भी इस प्रताड़ना का जिक्र किया था। उन्होंने इस संबंध में अपने पिता और पत्नी को भी जानकारी दी थी। पुलिस ने जांच में पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद कोतवाली थाने में अपराध क्रमांक 487/2026 दर्ज किया है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108, 351(3) और कर्जा एक्ट की धारा 4 के तहत कार्रवाई की गई है।पूछताछ के बाद आरोपी गिरफ्तार, मोबाइल जब्त
डीआईजी एवं एसएसपी सरगुजा राजेश अग्रवाल के निर्देश और नगर पुलिस अधीक्षक राहुल बंसल के नेतृत्व में कोतवाली पुलिस ने आरोपी पंकज चौधरी (50 वर्ष), निवासी राजेंद्र वार्ड, दर्रीपारा अंबिकापुर को हिरासत में लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी पुलिस को संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। पुलिस ने आरोपी के पास से घटना में प्रयुक्त मोबाइल फोन जब्त कर उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। सूदखोरी करने वालों पर सख्त कार्रवाई जारी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सूदखोरी, अवैध वसूली और आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ आगे भी कड़ी कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है।