छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की दिशा में सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में हुई कैबिनेट बैठक में UCC का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए उच्चस्तरीय समिति गठन को मंजूरी दी गई। सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में बनने वाली यह समिति प्रदेशभर से सुझाव लेकर कानून का प्रारूप तैयार करेगी। इसे कैबिनेट की मंजूरी के बाद विधानसभा में पेश किया जाएगा।
महिलाओं को आधी फीस में रजिस्ट्री
सरकार ने महिलाओं के लिए बड़ा फैसला लेते हुए जमीन और मकान की रजिस्ट्री पर लगने वाले शुल्क में 50% छूट देने का निर्णय लिया है। इससे महिलाओं के नाम संपत्ति बढ़ाने और आर्थिक सशक्तिकरण को मजबूती मिलेगी। इस फैसले से सरकार को करीब 153 करोड़ रुपए के राजस्व का नुकसान होगा।
सैनिकों के लिए ‘सम्मान छूट’
सेवारत, भूतपूर्व सैनिकों और उनकी विधवाओं को अब 25 लाख रुपए तक की संपत्ति खरीदने पर 25% स्टाम्प शुल्क में छूट मिलेगी। यह लाभ जीवन में एक बार मिलेगा और स्थायी आवास बनाने में मदद करेगा।
उद्योग के लिए नियम आसान, निवेश को बढ़ावा
औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम 2015 में संशोधन से अब सेवा क्षेत्र को स्पष्ट पात्रता मिलेगी। लैंड बैंक में एप्रोच रोड अनिवार्य होगा, NBFC को शामिल करने से फाइनेंसिंग आसान होगी और PPP मॉडल के जरिए निजी निवेश को गति मिलेगी।
खनन पर सख्ती, जुर्माना 5 लाख तक
खनन नियमों में बदलाव कर अवैध उत्खनन पर कड़ा प्रहार किया गया है। अब जुर्माना 25 हजार से बढ़ाकर 5 लाख रुपए तक किया गया है। लंबे समय से बंद खदानों पर कार्रवाई होगी और रॉयल्टी सिस्टम पूरे प्रदेश में एक समान लागू किया जाएगा।
रेत खदानों में माफियागिरी पर लगाम
रेत खदानें अब सरकारी उपक्रमों को भी दी जा सकेंगी। इससे एकाधिकार खत्म होगा और दूरस्थ क्षेत्रों में रेत की उपलब्धता सुधरेगी।
पशुपालकों को फायदा, वैक्सीन समय पर मिलेगी
दुधारू पशु योजना अब सभी वर्गों के लिए लागू होगी। वहीं, पशुओं के टीकाकरण के लिए वैक्सीन सीधे अधिकृत एजेंसी से खरीदी जाएगी, जिससे देरी खत्म होगी और उत्पादन बढ़ेगा।
MP से 8536 करोड़ की वापसी तय
पेंशन मद में अधिक भुगतान के एवज में मध्यप्रदेश से छत्तीसगढ़ को 8536 करोड़ रुपए मिलेंगे। इसमें से 2000 करोड़ मिल चुके हैं, बाकी रकम 6 साल में किश्तों में दी जाएगी।
खाद और LPG पर भी नजर
कैबिनेट में खरीफ सीजन के लिए उर्वरक उपलब्धता और राज्य में LPG गैस सप्लाई की स्थिति की समीक्षा भी की गई।
