पश्चिम एशिया में गहराते युद्ध के बादलों और वैश्विक अनिश्चितता का सीधा असर आज भारतीय शेयर बाजार पर देखने को मिला। भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tension) के चलते घरेलू शेयर बाजार में आज शुरुआती सत्र में हाहाकार मच गया। हालांकि, दोपहर बाद निचले स्तरों पर आई खरीदारी की बदौलत बाजार ने अपनी लाज बचाई और काफी हद तक रिकवरी दर्ज की।
भारी गिरावट के बाद संभले सूचकांक
कारोबार के दौरान एक समय चौतरफा बिकवाली के चलते बीएसई (BSE) सेंसेक्स 1,157 अंक टूटकर 73,493 के स्तर तक फिसल गया था। इसी तरह, एनएसई (NSE) निफ्टी50 भी 332 अंकों की भारी गिरावट के साथ 23,151 के करीब पहुंच गया था।
लेकिन दोपहर बाद के सत्र में निचले स्तरों पर वैल्यू बाइंग (Value Buying) के चलते बाजार ने कुछ नुकसान की भरपाई की।
सेंसेक्स (Sensex): अंत में 303.67 अंक (0.41%) की गिरावट के साथ 74,346.17 पर बंद हुआ।
निफ्टी (Nifty): 77.95 अंक (0.33%) फिसलकर 23,405.60 के स्तर पर बंद हुआ।
क्यों सहमा बाजार? गिरावट की 3 बड़ी वजहें
होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तनाव: अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो के एक बयान ने वैश्विक बाजारों को डरा दिया है। उन्होंने दावा किया है कि ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट के एक बड़े हिस्से में समुद्री बारूदी सुरंगें (Mines) बिछा दी हैं और कमर्शियल जहाजों पर फायरिंग की है। इस घटना से अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता खटाई में पड़ती दिख रही है।
कच्चे तेल (Crude Oil) में भयंकर उबाल: सप्लाई चेन प्रभावित होने के डर से अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) की कीमतें 2.89% की भारी उछाल के साथ $98.77 प्रति बैरल पर पहुंच गई हैं। भारत के लिए कच्चे तेल का महंगा होना सीधे तौर पर महंगाई और चालू खाता घाटे (CAD) को बढ़ाने वाला संकेत है।
IT सेक्टर पर दोहरी मार: वैश्विक संकट के कारण आईटी कंपनियों के खर्चों और प्रोजेक्ट्स में देरी की आशंका से आज सबसे ज्यादा मार आईटी शेयरों पर ही पड़ी।
सेक्टर्स का हाल: IT में कोहराम, पीएसयू बैंकों ने संभाला मोर्चा
आज के कारोबार में सबसे ज्यादा तबाही निफ्टी आईटी (Nifty IT) इंडेक्स में देखने को मिली, जो इंट्राडे के दौरान 6 फीसदी से अधिक टूट गया था।
| टॉप लूजर्स (Grounded Stocks) | टॉप गेनर्स (Flying Stocks) |
| TCS: -8.30% (सबसे बड़ी गिरावट) | SBI (बैंकिंग मोर्चे पर बढ़त) |
| टेक महिंद्रा, इन्फोसिस, एचसीएल टेक | इंडिगो (इंटरग्लोब एविएशन) |
| आईटीसी (ITC) | आईसीआईसीआई बैंक, कोटक महिंद्रा |
| लार्सन एंड टुब्रो (L&T) | पावरग्रिड, अपोलो हॉस्पिटल्स |
ब्रॉडर मार्केट और अन्य सेक्टर्स: जहां एक तरफ टेक और हैवीवेट शेयरों में बिकवाली थी, वहीं निफ्टी पीएसयू बैंक (PSU Bank) ने आज सबसे शानदार प्रदर्शन किया। इसके अलावा निफ्टी प्राइवेट बैंक और हेल्थकेयर (मैक्स हेल्थकेयर और अपोलो हॉस्पिटल्स) इंडेक्स भी हरे निशान में बंद होने में कामयाब रहे। दूसरी ओर, मिडकैप में 0.42% और स्मॉलकैप इंडेक्स में 0.11% की हल्की गिरावट दर्ज की गई।
आगे क्या?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक पश्चिम एशिया में तनाव कम नहीं होता और कच्चे तेल की कीमतें $95-100 के दायरे से नीचे नहीं आतीं, तब तक बाजार में उतार-चढ़ाव (Volatility) का यह दौर जारी रह सकता है। निवेशकों को फिलहाल बड़े निवेश से बचकर 'वेट एंड वॉच' की रणनीति अपनानी चाहिए।
