छत्तीसगढ़ की उभरती गायन प्रतिभाओं को मंच देने के उद्देश्य से आयोजित मेगा सिंगिंग परफॉर्मेंस शो गाइए और छा जाइए अब डिजिटल माध्यम से दर्शकों तक पहुंचने जा रहा है। प्रदेशभर में चर्चित रहे इस भव्य आयोजन के एपिसोड्स अब कीर्तिमान मीडिया यूट्यूब चैनल के माध्यम से प्रसारित किए जाएंगे, जिससे प्रदेश ही नहीं, देश और दुनिया में बैठे संगीत प्रेमी भी इस अद्भुत आयोजन का आनंद ले सकेंगे।
कीर्तिमान के एडिटोरियल हेड संदीप सिन्हा ने बताया कि महासमुंद में 03, 04 और 05 जून 2026 को आयोजित इस मेगा सिंगिंग परफॉर्मेंस शो ने संगीत प्रेमियों के बीच विशेष पहचान बनाई। तीन दिनों तक चले इस आयोजन में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से आए प्रतिभागियों ने अपनी मधुर आवाज़, सुरों की साधना और शानदार प्रस्तुतियों से उपस्थित दर्शकों का दिल जीत लिया था। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने फिल्मी गीतों, सुगम संगीत, लोकगीत, भजन और विभिन्न संगीत विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर मंच को सुरमय बना दिया था।
प्रतिभाओं को पहचान देने का मंच
उन्होंने बताया कि यह आयोजन प्रतियोगिता के साथ प्रतिभाओं को पहचान दिलाने और उन्हें बड़े मंच तक पहुंचाने का एक सार्थक प्रयास है। शो की संकल्पना और परिकल्पना डॉ. नीरज गजेंद्र की उस सोच पर आधारित है, जिसमें प्रदेश की प्रतिभाओं को अवसर, सम्मान और व्यापक पहचान प्रदान करने का लक्ष्य निहित है। इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए अब इस पूरे आयोजन को डिजिटल स्वरूप में प्रस्तुत किया जा रहा है, ताकि प्रतिभागियों की कला अधिकाधिक लोगों तक पहुंच सके।
ऑनलाइन प्रसारण 20 से
संदीप सिन्हा ने बताया कि गाइए और छा जाइए के एपिसोड्स के ऑनलाइन प्रसारण की औपचारिक शुरुआत 20 जून 2026 को होगी। इस अवसर पर सुबह 11:45 बजे कीर्तिमान कार्यालय में एक सादे लेकिन गरिमामय समारोह का आयोजन किया जाएगा, जहां से शो को आधिकारिक रूप से यूट्यूब पर लॉन्च किया जाएगा। इसके बाद क्रमशः विभिन्न एपिसोड्स दर्शकों के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे।उल्लेखनीय है कि गाइए और छा जाइए ने अपने पहले ही संस्करण में संगीत प्रेमियों और प्रतिभागियों के बीच विशेष उत्साह पैदा किया। कार्यक्रम की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि इसमें मंच पर आने वाली प्रतिभाओं को प्रतियोगी के रूप में नहीं, कलाकार के रूप में सम्मान और प्रोत्साहन दिया गया। आयोजन के दौरान अनुभवी निर्णायकों के मार्गदर्शन, उत्कृष्ट मंच व्यवस्था, आधुनिक तकनीकी प्रस्तुति तथा संगीत के प्रति समर्पित वातावरण ने इसे एक यादगार आयोजन बना दिया।
छिपी हुई प्रतिभाओं को एक मंच
कीर्तिमान के संस्थापक डॉ. नीरज गजेंद्र का मानना है कि संगीत महज मनोरंजन का माध्यम नहीं, यह व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और सांस्कृतिक चेतना का सशक्त आधार है। इसी विचार को केंद्र में रखकर गाइए और छा जाइए की शुरुआत की गई, ताकि प्रदेश की छिपी हुई प्रतिभाओं को एक ऐसा मंच मिले जहां वे अपनी कला का प्रदर्शन कर सकें और आगे बढ़ने के नए अवसर प्राप्त कर सकें।आयोजकों ने संगीत प्रेमियों, प्रतिभागियों और आम दर्शकों से अपील की है कि वे कीर्तिमान मीडिया के यूट्यूब चैनल से जुड़ें, एपिसोड्स को देखें, प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करें तथा छत्तीसगढ़ की प्रतिभाओं को राष्ट्रीय पहचान दिलाने की इस मुहिम का हिस्सा बनें।