कलेक्टर विनय कुमार लंगेह की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक के बाद जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम, यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने तथा आमजन में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर सचिन भूतड़ा, रवि साहू, सड़क सुरक्षा समिति के सदस्य एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
सड़कों पर मवेशियों की रोकथाम
रात्रि के समय सड़कों पर विचरण करने वाले मवेशियों से होने वाली दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए कलेक्टर ने एनएचएआई, पशुपालन विभाग, यातायात विभाग और नगरीय निकायों को संयुक्त अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने सड़कों से मवेशियों को हटाने, पशु मालिकों की पहचान कर उन्हें समझाइश देने तथा आवश्यक होने पर उनके खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। इसके साथ ही दुर्घटना संभावित स्थलों (ब्लैक स्पॉट) और नए चिन्हित ब्लैक स्पॉट पर आवश्यक सुधारात्मक कार्य करने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, लोक निर्माण विभाग तथा नगरीय एवं ग्रामीण निकायों को निर्देशित किया गया। ओवरलोड वाहनों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए। बैठक में कलेक्टर लंगेह ने कहा कि स्कूलों के माध्यम से विद्यार्थियों के जरिए उनके पालकों तक यातायात नियमों की जानकारी पहुंचाई जाए, ताकि सड़क सुरक्षा के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी विकसित हो सके। उन्होंने यातायात विभाग को निर्देश दिए कि हेलमेट नहीं पहनने और अन्य यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ प्रभावी ई-चालान कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।स्कूल बसों की जांच पूरी
जिला परिवहन अधिकारी प्रतीक शुक्ला ने बैठक में जानकारी दी कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए जिले में संचालित सभी स्कूल बसों का निरीक्षण पूरा कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि जिले में चिन्हित चार नए ब्लैक स्पॉट पर आवश्यक सुधारात्मक कार्य किए जा रहे हैं। बैठक के अंत में कलेक्टर लंगेह ने सभी संबंधित विभागों को सड़क सुरक्षा से जुड़े निर्देशों का गंभीरता से पालन करने और आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।