उत्तर प्रदेश के मेरठ में सामने आए चर्चित 'नीले ड्रम' हत्याकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया था। उस घटना की चर्चा अभी थमी भी नहीं थी कि अब मध्य प्रदेश के ग्वालियर से उससे मिलता-जुलता एक मामला सामने आया है। यहां एक युवक ने अपनी पत्नी पर उसे 'नीले ड्रम में पैक करवा देने' की धमकी देने का आरोप लगाया है। मामले की शिकायत पुलिस तक पहुंच चुकी है और जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस जनसुनवाई में पहुंचा पीड़ित
ग्वालियर के बिजौली थाना क्षेत्र के ग्राम मुगलपुरा निवासी राहुल मौर्य मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचे। उन्होंने लिखित आवेदन देकर बताया कि उनकी पत्नी लगातार उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रही है। राहुल का आरोप है कि पत्नी इंस्टाग्राम पर लाइव आकर उनके खिलाफ अपशब्दों का इस्तेमाल करती है और खुलेआम धमकी देती है कि उन्हें 'नीले ड्रम में पैक करवा देगी'। इन धमकियों से पूरा परिवार भय के माहौल में जी रहा है। अप्रैल में हुई शादी, एक महीने बाद छोड़ दिया ससुराल
जानकारी के मुताबिक अप्रैल में हुई थी शादी
राहुल मौर्य के मुताबिक उनकी शादी 14 अप्रैल 2026 को शिवपुरी जिले के ग्राम अमौला निवासी राखी जाटव से हुई थी। शादी के करीब एक महीने बाद ही पत्नी ससुराल छोड़कर मायके चली गई। राहुल का कहना है कि जाते समय वह अपने साथ जेवर, नकदी और अन्य कीमती सामान भी ले गई। इसके बाद उसने साथ रहने से इनकार कर दिया और तलाक लेने की बात कहने लगी।
पांच लाख रुपये मांगने
का भी लगाया आरोप राहुल ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि उनकी पत्नी उनसे पांच लाख रुपये की मांग कर रही है। उनका कहना है कि पत्नी ने साफ कहा है कि यदि पैसे दिए जाएंगे तभी वह रिश्ता आगे बढ़ाने पर विचार करेगी। युवक ने यह भी दावा किया कि पत्नी का पहले भी पैसों के लेन-देन को लेकर अन्य लोगों से विवाद हो चुका है।
पुलिस को सौंपं गए इंटाग्राम वीडिया
अपनी शिकायत के समर्थन में राहुल मौर्य ने पुलिस को कुछ इंस्टाग्राम वीडियो भी उपलब्ध कराए हैं। उनका दावा है कि इन वीडियो में पत्नी द्वारा दी गई धमकियां दर्ज हैं। उन्होंने पुलिस से अपनी और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। पुलिस ने शुरू की जांच मामले पर बिजौली थाना क्षेत्र के सीएसपी मनीष यादव ने बताया कि शिकायत प्राप्त हुई है। शिकायत के साथ दिए गए वीडियो और अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।