Monday, 19 Oct 2026 भारत
ब्रेकिंग
River Accident: नवरात्रि मेले में गुब्बारे बेचने आए 12 वर्षीय मासूम की कनहर नदी में डूबने से मौत Fee Scam: 3 प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों पर लगा ज्यादा फीस वसूलने का आरोप, पुलिस कमिश्नर से FIR दर्ज करने की मांग Food Security: जीवित महिला को कागजों में मृत दिखाकर बंद किया राशन, निष्पक्ष जांच की उठी मांग Raipur Tyre Factory Fire: उरला औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप, टार रिसाव की आशंका CJP News: सौरभ दास और आशुतोष रांका की रिहाई अटकी, अब भी तिहाड़ में बंद Tiger Shroff Attack Case: मुंबई पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, कोटा रेलवे स्टेशन और बॉर्डर से 4 संदिग्ध दबोचे गए River Accident: नवरात्रि मेले में गुब्बारे बेचने आए 12 वर्षीय मासूम की कनहर नदी में डूबने से मौत Fee Scam: 3 प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों पर लगा ज्यादा फीस वसूलने का आरोप, पुलिस कमिश्नर से FIR दर्ज करने की मांग Food Security: जीवित महिला को कागजों में मृत दिखाकर बंद किया राशन, निष्पक्ष जांच की उठी मांग Raipur Tyre Factory Fire: उरला औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप, टार रिसाव की आशंका CJP News: सौरभ दास और आशुतोष रांका की रिहाई अटकी, अब भी तिहाड़ में बंद Tiger Shroff Attack Case: मुंबई पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, कोटा रेलवे स्टेशन और बॉर्डर से 4 संदिग्ध दबोचे गए
W 𝕏 f
होम › कोंडागांव › टला हादसा : ब्रेक फेल होने से पलटा ऑक्सीजन टैंकर,…
दुर्घटनाग्रस्त होकर पलटा हुआ ऑक्सीजन टैंकर
दुर्घटनाग्रस्त होकर पलटा हुआ ऑक्सीजन टैंकर
कोंडागांव

टला हादसा : ब्रेक फेल होने से पलटा ऑक्सीजन टैंकर, ड्राइवर की सूझबूझ ने बचाई सैकड़ों जानें 

हादसा और मार्ग: सोमवार को राष्ट्रीय राजमार्ग-30 (NH-30) पर स्थित बस्तर के प्रवेश द्वार कहे जाने वाले संवेदनशील केशकाल घाट में एक भीषण सड़क दुर्घटना टल गई। जगदलपुर से लिक्विड ऑक्सीजन लोड करके ओडिशा के झारसुगुड़ा की ओर जा रहा एक भारी-भरकम टैंकर घाट के मोड़ पर पलट गया।

अप्पू धीवर |  कीर्तिमान न्यूज
प्रकाशित: 15 Jun 2026, 11:53 AM · अपडेट: 01 Oct 2026, 12:01 AM
कोंडागांव
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश

केशकाल घाट में सोमवार को उस वक्त एक बड़ा और भयावह हादसा टल गया, जब जगदलपुर से ओडिशा के झारसुगुड़ा जा रहा एक ऑक्सीजन टैंकर अनियंत्रित होकर पलट गया। घाट के मोड़ पर टैंकर के पलटते ही तेज आवाज के साथ गैस का रिसाव (लीकेज) शुरू हो गया। सफेद धुएं के गुबार को देखकर वहां से गुजर रहे अन्य वाहन चालकों और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया और कुछ देर के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया।

हादसे में घायल हुए टैंकर चालक उदय ठाकुर ने बताया कि घाट से नीचे उतरते समय अचानक गाड़ी के ब्रेक ने काम करना बंद कर दिया। ढलान होने के कारण भारी-भरकम वाहन पर नियंत्रण खो गया। लेकिन मौत को सामने देखकर भी उदय ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने सूझबूझ का परिचय देते हुए पलटने से ठीक पहले या तुरंत बाद टैंक का 'सेफ्टी वाल्व' खोल दिया। इससे ऑक्सीजन नियंत्रित रूप से बाहर निकलने लगी। चालक के अनुसार, यदि वाल्व न खोला जाता तो अत्यधिक आंतरिक दबाव (Pressure) के कारण टैंक में भयंकर विस्फोट हो जाता, जिससे घाट से गुजर रहे कई अन्य वाहन इसकी चपेट में आ जाते और भारी जनहानि हो सकती थी।

फौरन घेराबंदी कर शुरू किया बचाव कार्य

घटना की लाइव सूचना मिलते ही केशकाल थाना पुलिस और रेस्क्यू टीम बिना वक्त गंवाए तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने सबसे पहले सुरक्षा के लिहाज से गैस रिसाव वाले क्षेत्र की घेराबंदी (Cordoning) की, ताकि कोई अप्रिय घटना या आगजनी न हो। इसके बाद पुलिस टीम ने घायल ड्राइवर उदय ठाकुर को केबिन से सुरक्षित बाहर निकाला। उन्हें मामूली चोटें आई थीं, जिन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाकर प्राथमिक उपचार मुहैया कराया गया। उनकी हालत अब पूरी तरह खतरे से बाहर बताई जा रही है।

यातायात बहाली

इस दुर्घटना के कारण बस्तर को रायपुर से जोड़ने वाले इस मुख्य मार्ग (NH-30) पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए क्रेन और हैवी रेस्क्यू व्हीकल्स को मौके पर बुलाया। एहतियात के साथ टैंकर को सड़क से किनारे हटाया गया और करीब कुछ घंटों की मशक्कत के बाद फंसे हुए ट्रैफिक को धीरे-धीरे क्लियर कर मार्ग को दोबारा सामान्य कर दिया गया।

जांबाज ड्राइवर की हर तरफ हो रही तारीफ

प्रारंभिक तकनीकी जांच में भी हादसे की मुख्य वजह अचानक ब्रेक फेल होना ही सामने आई है। इस पूरे घटनाक्रम में सबसे खास बात ड्राइवर की तत्परता रही। अपनी जान की परवाह न करते हुए सैकड़ों लोगों की जिंदगी बचाने वाले ड्राइवर उदय ठाकुर की समझदारी की स्थानीय नागरिकों, पुलिस प्रशासन और राहगीरों ने मुक्तकंठ से सराहना की है। लोगों का कहना है कि अगर ड्राइवर ने सही समय पर सही फैसला न लिया होता, तो आज केशकाल घाट इतिहास के सबसे दर्दनाक हादसों में से एक का गवाह बन सकता था।

क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? सुधार का अनुरोध करें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें