छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में एक दर्दनाक और सनसनीखेज घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है। यह मामला केरजू थाना चौकी क्षेत्र के ग्राम कुनमेरा का बताया जा रहा है। शुक्रवार (8 मई 2026) की रात एक मामूली पारिवारिक विवाद इतना बढ़ गया कि बेटे ने अपने ही पिता की पीट-पीटकर हत्या कर दी। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई और लोग इस घटना से स्तब्ध रह गए।
मृतक और आरोपी के बीच पारिवारिक पृष्ठभूमि
मृतक की पहचान रामविलास सिंह के रूप में हुई है, जो अपने परिवार के साथ गुढ़ीपारा में रहते थे। आरोपी बेटा धरम सिंह, रामविलास सिंह का बड़ा बेटा बताया जा रहा है। परिवार पहले सामान्य जीवन जी रहा था, लेकिन पिछले कुछ समय से घर में तनाव लगातार बढ़ रहा था। पुलिस और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, पारिवारिक रिश्तों में पहले से ही खटास बनी हुई थी, जो इस घटना का कारण बनी।
मां की मृत्यु के बाद उपजा तनाव और आर्थिक परेशानी
जानकारी के अनुसार, धरम सिंह की मां का निधन वर्ष 2025 में हो गया था। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण परिवार उनके अंतिम संस्कार के बाद होने वाली सामाजिक रस्में जैसे दशाकर्म आदि पूरी तरह से नहीं कर पाया। इसी बात को लेकर धरम सिंह लंबे समय से मानसिक रूप से परेशान था। वह कई बार अपने पिता से इन रस्मों को पूरा करने की बात कह चुका था, लेकिन पिता रामविलास सिंह, जो अक्सर शराब के नशे में रहते थे, इस पर गंभीरता नहीं दिखाते थे।
जमीन बंटवारे को लेकर विवाद और बढ़ता गुस्सा
स्थिति तब और बिगड़ गई जब धरम सिंह ने अपने हिस्से की जमीन बेचकर मां के दशाकर्म कराने की बात रखी। लेकिन पिता ने इस मांग को स्वीकार नहीं किया। इसी बात को लेकर दोनों के बीच तीखा विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि गुस्से में आकर बेटे ने अपने पिता पर हमला कर दिया और बेरहमी से पीट-पीटकर उनकी हत्या कर दी। घटना के बाद परिवार और गांव में मातम पसर गया।
पुलिस कार्रवाई और आरोपी की गिरफ्तारी
इस पूरे मामले की सूचना मृतक के छोटे बेटे ने पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने आरोपी धरम सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 (3) के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आगे की जांच कर रही है ताकि घटना से जुड़े सभी पहलुओं का पता लगाया जा सके।
