गुना में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ की जा रही एक बड़ी कार्रवाई के दौरान दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है। कैंट थाना क्षेत्र के मावन गांव में केंद्रीय नारकोटिक्स टीम की घेराबंदी से घबराए तस्करों की तेज रफ्तार एस्कॉर्ट कार ने सड़क पर कोहराम मचा दिया। लगभग 150 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से भाग रही इस कार ने कई राहगीरों को रौंद दिया, जिसमें एक बाइक सवार पति-पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनका 4 वर्षीय मासूम बच्चा जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहा है।
3 करोड़ के डोडा चूरा से भरा ट्रक पकड़ाया
जानकारी के मुताबिक, केंद्रीय नारकोटिक्स विभाग की टीम को सूचना मिली थी कि झारखंड से राजस्थान की ओर बड़े पैमाने पर मादक पदार्थों की तस्करी की जा रही है। टीम ने घेराबंदी कर डोडा चूरा से भरे एक ट्रक को पकड़ लिया। ट्रक में करीब 25 से 30 क्विंटल डोडा चूरा भरा हुआ था, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 3 करोड़ रुपये आंकी गई है। जैसे ही ट्रक के आगे चल रही तस्करों की एस्कॉर्ट कार के चालकों ने देखा कि ट्रक पकड़ा गया है, उन्होंने अपनी कार की रफ्तार बढ़ा दी और करीब 150 किमी/घंटे की स्पीड से भागने लगे।
तेज रफ्तार कार ने ली दंपती की जान
भागने के प्रयास में तस्करों की अनियंत्रित कार ने मावन गांव के पास एक मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार पति-पत्नी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। बाइक पर उनके साथ बैठा 4 साल का बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे नारकोटिक्स की टीम ने तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद भी तस्करों ने कार नहीं रोकी और आगे जाकर एक अन्य मोटरसाइकिल व कुछ राहगीरों को भी अपनी चपेट में ले लिया, जिससे कई लोग घायल हो गए। अंत में कार सड़क किनारे एक पेड़ को उखाड़ते हुए सीधे एक मकान से जा टकराई।संदिग्ध नंबर प्लेट बरामद
हादसे के बाद कार चालक मौके से भागने में कामयाब रहा था, लेकिन पुलिस की तत्परता से मुख्य आरोपियों को दबोच लिया गया। पुलिस ने झारखंड निवासी ट्रक चालक मोहम्मद साहिल और कार चालक विजेंद्र यादव को गिरफ्तार कर लिया है। दुर्घटनाग्रस्त कार की तलाशी के दौरान पुलिस को भोपाल की एक संदिग्ध नंबर प्लेट और एक बैग भी मिला। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि आरोपी पुलिस से बचने के लिए नंबर प्लेट बदलते थे।
NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज
गुना के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) प्रशांत सिंह सुमन ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क की जांच कर रही है कि मादक पदार्थ झारखंड में कहां से लोड हुआ और राजस्थान में किसे पहुंचाया जाना था। इस भीषण हादसे के बाद मावन गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है