खम्हारडीह थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की तलाश के लिए साइबर सेल की मदद से एक विशेष टीम का गठन किया है। पुलिस आरोपी के मोबाइल नंबर, जीवनसाथी ऐप की प्रोफाइल और युवती के घर के आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) फुटेज को खंगाल रही है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी ने ऐप पर फर्जी नाम और प्रोफाइल का इस्तेमाल किया था। पुलिस को कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं और जल्द ही आरोपी की गिरफ्तारी का दावा किया जा रहा है।
यह सनसनीखेज मामला राजधानी रायपुर के खम्हारडीह थाना क्षेत्र का है। यहां रहने वाली एक युवती ने कुछ समय पहले मशहूर मैट्रिमोनियल साइट 'जीवनसाथी ऐप' पर अपनी प्रोफाइल बनाई थी। ऐप के जरिए उसकी मुलाकात एक युवक से हुई। दोनों के बीच बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ और धीरे-धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई। दोनों एक-दूसरे पर भरोसा करने लगे।
जब युवक ने मिलने की इच्छा जताई, तो युवती ने उस पर भरोसा करते हुए उसे अपने घर बुला लिया। लेकिन वह इस बात से अनजान थी कि जिसे वह अपना हमसफर समझ रही है, वह असल में एक शातिर अपराधी है।
चिकन ऑर्डर किया, फिर रची बेहोशी की साजिश
घर पहुंचते ही आरोपी ने अपनी सोची-समझी साजिश पर काम करना शुरू कर दिया। उसने युवती से कहा कि आज उसका चिकन खाने का मन है और उसने तुरंत ऑनलाइन चिकन ऑर्डर कर दिया। डिलीवरी आने के बाद आरोपी ने चालाकी दिखाते हुए कहा:
"यह चिकन तो ठंडा हो गया है, ऐसे खाने में मजा नहीं आएगा। इसे एक बार फिर गर्म कर लेते हैं।"
जैसे ही युवती चिकन गर्म करने के लिए रसोई में गई, शातिर युवक ने मौका पाकर उसमें कोई तेज नशीला पदार्थ मिला दिया।
खुद नहीं खाया, युवती को खिलाकर किया बेहोश
आरोपी ने खुद चिकन खाने से साफ इनकार कर दिया, लेकिन युवती ने जैसे ही चिकन का निवाला खाया, वह कुछ ही देर में गहरी बेहोशी की गर्त में चली गई। युवती के बेहोश होते ही आरोपी ने असली रंग दिखाया। उसने पूरे घर को खंगाला, आलमारी के ताले तोड़े और घर में रखे सारे पैसे, सोने-चांदी के जेवर और अन्य कीमती सामान समेटकर रफूचक्कर हो गया।होश आया तो उड़े होश, बिखरा पड़ा था सामान
जब पीड़िता को काफी देर बाद होश आया, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। घर का सारा सामान बिखरा पड़ा था। जब उसने घबराकर आलमारी चेक की, तो उसमें रखी जीवनभर की जमापूंजी और जेवरात गायब थे। तब जाकर युवती को अहसास हुआ कि ऑनलाइन साइट पर जिस युवक को वह दिल दे बैठी थी, वह कोई जीवनसाथी नहीं बल्कि एक पेशेवर लुटेरा था।
पुलिस की कार्रवाई और जनता के लिए जरूरी एडवायजरी
पीड़िता की शिकायत पर खम्हारडीह थाना पुलिस ने धारा के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की मदद से आरोपी के हुलिए और भागने के रूट को ट्रैक कर रही है।सावधानी ही बचाव है
इस घटना के बाद पुलिस ने आम नागरिकों, खासकर युवाओं और उनके अभिभावकों के लिए एक जरूरी सतर्कता संदेश जारी किया है:
फर्जी प्रोफाइल से बचें: मैट्रिमोनियल साइट्स या सोशल मीडिया पर दिखने वाली हर जानकारी सच नहीं होती। लोग आकर्षक और फर्जी प्रोफाइल बनाकर शिकार ढूंढते हैं।
पूरी जांच-पड़ताल जरूरी: जब तक किसी व्यक्ति के परिवार, बैकग्राउंड और कार्यस्थल की पूरी प्रामाणिक जानकारी न मिल जाए, तब तक उस पर भरोसा न करें।
अजनबियों को घर न बुलाएं: किसी भी अनजान या कम जाने-पहचाने व्यक्ति को सीधे अपने घर पर बुलाने की गलती कभी न करें। पहली कुछ मुलाकातें हमेशा सार्वजनिक स्थानों (जैसे कैफे या मॉल) पर ही करें।
