अगर आप एप्पल के प्रोडक्ट्स के शौकीन हैं, तो आने वाले समय में आपके लिए एक बड़ा सरप्राइज हो सकता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, एप्पल एक बिल्कुल नए तरह के एयरपॉड्स पर काम कर रहा है, जिनमें इन-बिल्ट कैमरा दिया जाएगा। यह तकनीक पारंपरिक ईयरबड्स से काफी अलग होगी और इसे एक स्मार्ट एआई आधारित डिवाइस के रूप में देखा जा रहा है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि यह प्रोजेक्ट अब डेवलपमेंट के अंतिम चरण में पहुंच चुका है और इसकी टेस्टिंग भी तेजी से चल रही है। माना जा रहा है कि इसका डिजाइन और फीचर्स लगभग फाइनल हो चुके हैं, बस अंतिम सुधार किए जा रहे हैं।
कैमरा का असली उद्देश्य
इन एयरपॉड्स में दिया गया कैमरा किसी फोटो या वीडियो शूटिंग के लिए नहीं होगा, जैसा कि पहली नजर में लग सकता है। इसका मुख्य उद्देश्य एप्पल के वॉयस असिस्टेंट ‘सिरी’ को और अधिक स्मार्ट और उपयोगी बनाना है। यह कैमरा “सिरी की आंखों” की तरह काम करेगा, जिससे डिवाइस आपके आसपास के वातावरण को समझ सकेगा। उदाहरण के तौर पर, यदि आप किसी नई जगह पर हैं या किसी वस्तु को देख रहे हैं, तो सिरी कैमरे के माध्यम से उसे पहचानकर तुरंत उसकी जानकारी आपको दे सकेगा। इससे यूजर का अनुभव पहले से कहीं ज्यादा इंटरैक्टिव और आसान हो जाएगा।
एआई का नया संगम
एप्पल के इस नए डिवाइस की तुलना ओपनएआई के चैटजीपीटी के विजुअल फीचर्स से की जा रही है। जिस तरह एआई मॉडल कैमरा या इमेज इनपुट को समझकर जवाब देते हैं, उसी तरह यह एयरपॉड्स भी रियल-टाइम में जानकारी प्रदान करेंगे। अगर आप किसी बाजार, म्यूजियम या अनजान जगह पर हैं, तो यह डिवाइस तुरंत आसपास की चीजों को स्कैन करके उनके बारे में डिटेल्स दे सकता है। साथ ही, यह यूजर को यह भी याद दिलाने में सक्षम होगा कि उसने पहले किसी चीज को कब और कहां देखा था, जिससे मेमोरी और रिकॉल आसान हो जाएगा।
प्राइवेसी फीचर्स और संभावित लॉन्च अपडेट
प्राइवेसी को ध्यान में रखते हुए एप्पल इस डिवाइस में एक खास एलईडी इंडिकेटर भी शामिल कर रहा है, जो कैमरा ऑन होने पर जल उठेगा। इससे आसपास के लोगों को पता चल सकेगा कि कैमरा एक्टिव है। यह फीचर यूजर ट्रांसपेरेंसी और सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, अभी तक एप्पल ने इस प्रोडक्ट को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। पहले ऐसी रिपोर्ट्स थीं कि यह डिवाइस इसी साल के पहले हिस्से में लॉन्च हो सकता है, लेकिन सिरी के नए जनरेटिव एआई वर्जन के विकास में देरी के कारण इसकी लॉन्चिंग आगे खिसक सकती है।
