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वेनेजुएला में भूकंप का कहर
वेनेजुएला में भूकंप का कहर
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वेनेजुएला में भूकंप का कहर, 164 लोगों की मौत, राहत अभियान जारी

वेनेजुएला में महज 39 सेकेंड के अंतराल में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आने से भारी तबाही मच गई। अब तक 164 लोगों की मौत और 971 लोगों के घायल होने की पुष्टि हुई है। कई इमारतें ढह गईं, जबकि सरकार ने राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिए हैं।

कीर्तिमान डेस्क
कीर्तिमान डेस्क
25 Jun 2026, 06:35 PM
वेनेजुएला

दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला बुधवार शाम उस समय भीषण भूकंप की चपेट में आ गया, जब महज 39 सेकेंड के अंतराल में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए। पहले झटके के तुरंत बाद दूसरा और अधिक तीव्र भूकंप आने से लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। कई शहरों में इमारतें ढह गईं, जबकि सड़कों पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार अब तक 164 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है और 971 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक भूकंप के बाद करीब एक मिनट तक धरती लगातार हिलती रही। इसके बाद भी स्थिति सामान्य नहीं हुई और 20 से अधिक आफ्टरशॉक दर्ज किए गए। कई इलाकों में लोग पूरी रात घरों से बाहर खुले स्थानों पर रहने को मजबूर रहे। बचाव दल मलबे में फंसे लोगों को निकालने में जुटे हैं।

राष्ट्रीय अवकाश 

यह प्राकृतिक आपदा ऐसे दिन आई, जब पूरे वेनेजुएला में राष्ट्रीय अवकाश था। देश में 1821 में स्पेन पर मिली ऐतिहासिक जीत की वर्षगांठ के कारण स्कूल, सरकारी कार्यालय और कई संस्थान बंद थे। अधिकांश लोग अपने घरों में मौजूद थे, जिससे कई रिहायशी इलाकों में भारी नुकसान हुआ और जनहानि बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) ने प्रारंभिक आकलन में चेतावनी दी है कि प्रभावित क्षेत्रों में जनहानि का आंकड़ा काफी बढ़ सकता है। एजेंसी के अनुसार 10 हजार से अधिक मौतों की आशंका 44 प्रतिशत तक है, जबकि अत्यधिक गंभीर स्थिति बनने पर यह संख्या एक लाख तक पहुंचने की 30 प्रतिशत संभावना भी जताई गई है।

शहरों में भारी नुकसान

दोनों भूकंपों का केंद्र राजधानी कराकस से करीब 290 किलोमीटर पश्चिम में था। तेज झटकों के कारण कई बहुमंजिला इमारतें धराशायी हो गईं, जबकि कई भवन खतरनाक तरीके से झुक गए हैं। कराकस स्थित सिमोन बोलिवार अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की छत का एक हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया, जिसके बाद वहां उड़ानों पर असर पड़ा। कई इलाकों में बिजली और संचार सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं।

126 वर्षों में सबसे शक्तिशाली भूकंप

विशेषज्ञों के अनुसार यह वेनेजुएला में पिछले 126 वर्षों का सबसे शक्तिशाली भूकंप माना जा रहा है। इससे पहले वर्ष 1900 में 7.7 तीव्रता का बड़ा भूकंप दर्ज किया गया था। ताजा आपदा के बाद कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर दिया है और सभी सरकारी एजेंसियों को राहत एवं बचाव कार्य में जुटने के निर्देश दिए हैं।

ला ग्वाइरा में सबसे ज्यादा तबाही

राजधानी के नजदीक स्थित बंदरगाह शहर ला ग्वाइरा इस आपदा से सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में शामिल है। यहां बड़ी संख्या में इमारतों को नुकसान पहुंचा है और कई लोग अब भी मलबे में फंसे होने की आशंका है। प्रशासन ने इलाके को आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित कर राहत अभियान तेज कर दिया है। ला ग्वाइरा इससे पहले भी वर्ष 1999 में भीषण प्राकृतिक आपदा का सामना कर चुका है। उस समय मूसलाधार बारिश के बाद हुए बड़े भूस्खलन में पहाड़ी बस्तियां मलबे में दब गई थीं और करीब 15 हजार लोगों की जान चली गई थी। इस बार आए विनाशकारी भूकंप ने एक बार फिर उस त्रासदी की यादें ताजा कर दी हैं।

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