Tuesday, 01 Sep 2026 भारत
ब्रेकिंग
Youth Congress Election: मुंगेली में फर्जी मतदान पर विवाद, MP से आए 9 युवाओं पर फर्जी वोटिंग का आरोप Chhattisgarh ED Raid: पूर्व सीएम भूपेश बघेल के पूर्व निज सचिव के घर छापा Controversial Statement: अखिलेश किसी के गले में घंटी बांध दें तो उसी को दें वोट... लाल बिहारी यादव के बयान पर बवाल Raipur Road Accident: ट्रक और क्रेटा में सीधी भिड़ंत, एक युवक की मौत, तीन घायल Youth Congress Election: मुंगेली में फर्जी मतदान पर विवाद, MP से आए 9 युवाओं पर फर्जी वोटिंग का आरोप Chhattisgarh ED Raid: पूर्व सीएम भूपेश बघेल के पूर्व निज सचिव के घर छापा Controversial Statement: अखिलेश किसी के गले में घंटी बांध दें तो उसी को दें वोट... लाल बिहारी यादव के बयान पर बवाल Raipur Road Accident: ट्रक और क्रेटा में सीधी भिड़ंत, एक युवक की मौत, तीन घायल
W 𝕏 f
होम कारोबार महंगाई का महा-ब्लास्ट : पेट्रोल-डीजल की कीमतों मे…
फिर बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम
फिर बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम
कारोबार Featured

महंगाई का महा-ब्लास्ट : पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भारी उछाल, आम आदमी की जेब पर चौतरफा मार!

25 मई 2026 से पेट्रोल ₹2.61 और डीजल ₹2.71 प्रति लीटर महंगा हो गया है। दिल्ली में पेट्रोल ₹102.12 और डीजल ₹95.20 प्रति लीटर पहुंच गया। ईरान-अमेरिका तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें $100 प्रति बैरल के पार चली गई हैं, जिससे तेल कंपनियों पर दबाव बढ़ा।

कीर्तिमान न्यूज
25 May 2026, 09:49 AM
नई दिल्ली

आम जनता के लिए आज सुबह की शुरुआत एक बड़े झटके के साथ हुई है। देश की सरकारी तेल कंपनियों ने ईंधन की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी का एलान कर दिया है। आज यानी 25 मई से पेट्रोल ₹2.61 प्रति लीटर और डीजल ₹2.71 प्रति लीटर महंगा हो गया है। इस ताजा बढ़ोतरी के बाद देश की राजधानी दिल्ली में अब एक लीटर पेट्रोल की कीमत ₹102.12 और डीजल की कीमत ₹95.20 के स्तर पर पहुंच गई है।

लंबे समय की शांति के बाद आए इस उछाल ने बाजार से लेकर रसोई तक हड़कंप मचा दिया है।

चौतरफा बढ़ेगी महंगाई

डीजल और पेट्रोल के दाम बढ़ने का सीधा असर केवल गाड़ी चलाने वालों पर ही नहीं, बल्कि देश के हर नागरिक पर पड़ने वाला है। इसकी तीन मुख्य वजहें हैं:

  • आसमान छुएगा मालभाड़ा: डीजल महंगा होने से ट्रक और टेम्पो का किराया तुरंत बढ़ जाएगा। इसका सीधा असर दूसरे राज्यों से आने वाले राशन, फल और हरी सब्जियों पर पड़ेगा, जिससे खाने-पीने की चीजें महंगी हो जाएंगी।

  • खेती की लागत में इजाफा: भारतीय कृषि काफी हद तक डीजल पर निर्भर है। ट्रैक्टर और पंपिंग सेट चलाने के लिए अब किसानों को ज्यादा जेब ढीली करनी होगी। लागत बढ़ने से आने वाले दिनों में अनाज और दालों की कीमतें बढ़ सकती हैं।

  • बस-ऑटो का सफर हुआ महंगा: पब्लिक ट्रांसपोर्ट (सार्वजनिक परिवहन), ऑटो-कैब और बच्चों की स्कूल बसों के किराए में भी जल्द ही बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है, जिससे मासिक बजट बिगड़ना तय है।

ईरान-अमेरिका तनाव और $100 के पार क्रूड

ईंधन की कीमतों में आई इस अचानक तेजी के पीछे वैश्विक कारण हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (क्रूड ऑयल) की कीमतों में लगातार अस्थिरता बनी हुई है।

क्रूड का गणित: ईरान और अमेरिका के बीच भू-राजनीतिक तनाव (जंग की स्थिति) शुरू होने से पहले कच्चे तेल के दाम लगभग 70 डॉलर प्रति बैरल के आसपास थे। लेकिन इस वैश्विक संकट के चलते अब क्रूड ऑयल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के पार जा चुकी हैं।

लगातार महंगी हो रही खरीद की वजह से तेल कंपनियां भारी दबाव में थीं। अपने वित्तीय घाटे की भरपाई के लिए कंपनियों को आखिरकार यह कदम उठाना पड़ा। जानकारों का कहना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लंबे समय तक इसी तरह ऊंचे स्तर पर बनी रहीं, तो आने वाले दिनों में पेट्रोल-डीजल और भी महंगा हो सकता है।

30,000 करोड़ का मासिक घाटा

लंबे समय से कीमतें न बढ़ने के कारण तेल कंपनियां गहरे संकट से गुजर रही थीं। पेट्रोलियम मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी सुजाता शर्मा के अनुसार, इंडियन ऑयल (IOC), भारत पेट्रोलियम (BPCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) जैसी दिग्गज सरकारी कंपनियों को पेट्रोल, डीजल और एलपीजी (LPG) की बिक्री पर हर महीने करीब ₹30,000 करोड़ का भारी नुकसान हो रहा था। इस घाटे को कम करने के लिए ही आज यह फैसला लिया गया है।

चुनावी राहत के बाद पहली बड़ी बढ़ोतरी

गौरतलब है कि देश में मार्च 2024 से पेट्रोल और डीजल की कीमतें लगभग स्थिर बनी हुई थीं। लोकसभा चुनाव 2024 से ठीक पहले सरकार ने कीमतों में ₹2 प्रति लीटर की कटौती कर जनता को बड़ी राहत दी थी। राजनीतिक संवेदनशीलता के कारण कंपनियों ने लंबे समय तक रेट नहीं बदले थे, जबकि तकनीकी रूप से कंपनियां अंतरराष्ट्रीय क्रूड की 15 दिनों की औसत कीमत के आधार पर 'डेली प्राइस रिवीजन' (हर दिन सुबह 6 बजे) के तहत दाम बदलने के लिए स्वतंत्र हैं।

इससे पहले, सरकार ने 27 मार्च को कीमतों को काबू में रखने के लिए स्पेशल एक्साइज ड्यूटी में ₹10-10 की भारी कटौती भी की थी, जिससे पेट्रोल पर ड्यूटी ₹13 से घटकर ₹3 और डीजल पर ₹10 से घटकर शून्य (0) हो गई थी। इस वजह से कुल सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी पेट्रोल पर ₹21.90 से घटकर ₹11.90 और डीजल पर ₹17.8 से घटकर ₹7.8 पर आ गई थी। इसी सरकारी राहत के दम पर अब तक कीमतें थमी हुई थीं, लेकिन क्रूड के $100 पार जाते ही यह बांध टूट गया।

बेस प्राइस से 3-4 गुना महंगी क्यों हो जाती है तेल की बूंद?

जब आप पेट्रोल पंप पर तेल भरवाते हैं, तो आप केवल तेल की कीमत नहीं बल्कि टैक्स का एक बड़ा जाल चुका रहे होते हैं। उपभोक्ता तक पहुँचने से पहले कीमत इन 5 चरणों से गुजरती है:

चरणविवरणकीमत पर असर
1. बेस प्राइस (कच्चा तेल)भारत अपनी जरूरत का लगभग 90% क्रूड आयात करता है। डॉलर के मुकाबले रुपए की स्थिति और अंतरराष्ट्रीय बैरल रेट से यह तय होता है।मूल लागत
2. रिफाइनिंग और मार्जिनकच्चे तेल को देश की रिफाइनरियों में साफ कर ईंधन बनाने की लागत और कंपनियों का मुनाफा जुड़ता है।कीमत में बढ़ोतरी
3. केंद्रीय एक्साइज ड्यूटीकेंद्र सरकार इस पर उत्पाद शुल्क (Excise Duty) और रोड सेस लगाती है, जो पूरे देश में एक समान होता है।भारी टैक्स
4. डीलर कमीशनपेट्रोल पंप मालिकों (डीलर्स) का अपना निश्चित कमीशन इसमें जोड़ा जाता है, जो पेट्रोल और डीजल के लिए अलग होता है।पंप संचालक का हिस्सा
5. राज्य सरकार का वैट (VAT)सबसे आखिर में राज्य सरकारें अपने हिसाब से वैट या लोकल सेल्स टैक्स लगाती हैं। चूंकि हर राज्य की वैट दरें अलग हैं, इसीलिए दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई में कीमतें अलग-अलग होती हैं।अंतिम कीमत निर्धारण
वैश्विक बाजारों की इस हलचल और घरेलू टैक्सों के गणित के बीच, फिलहाल आम उपभोक्ता को अपनी जेब और ढीली करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग
दुर्ग संभाग
बिलासपुर संभाग
सरगुजा संभाग
बस्तर संभाग
देश
विदेश
सरकारी सूचना
राजनीति
खेल
मनोरंजन
कारोबार
कीर्तिमान विशेष
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें