बदहाल व्यवस्था : बस्तर के सबसे बड़े अस्पताल में वार्डों तक पहुंचा टॉयलेट का गंदा पानी, मरीजों पर संक्रमण का खतरा
बस्तर के डिमरापाल मेडिकल कॉलेज में सीवरेज व्यवस्था की खराबी के कारण टॉयलेट का गंदा पानी वार्डों और गलियारों तक पहुंच गया। अस्पताल प्रबंधन ने सफाई कराई, लेकिन मरीजों की सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
कीर्तिमान डेस्क
14 Jul 2026, 06:36 PM
बस्तर
बस्तर संभाग के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल डिमरापाल मेडिकल कॉलेज में अव्यवस्थाओं की तस्वीर सामने आई है। यहां टॉयलेट का गंदा पानी वार्डों और गलियारों तक पहुंच गया, जिसके चलते मरीजों और उनके परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ा। अस्पताल परिसर में फैली गंदगी से संक्रमण का खतरा भी बढ़ गया है।
कमजोर सीवरेज व्यवस्था बनी परेशानी की वजह
बताया जा रहा है कि अस्पताल भवन के निर्माण के दौरान वर्ष 2018 में सीवरेज पाइपलाइन की क्षमता जरूरत के हिसाब से नहीं रखी गई थी। समय के साथ मरीजों की संख्या बढ़ी, लेकिन व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका। इसका नतीजा अब अस्पताल में गंदे पानी के रूप में दिखाई दे रहा है। अस्पताल की सीवरेज और अन्य व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए करोड़ों रुपये स्वीकृत किए जाने की बात सामने आई है, लेकिन इसके बावजूद हालात में बड़ा बदलाव नहीं दिख रहा है। इससे व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। वार्डों तक पहुंचा गंदा पानी
अधीक्षक ने कर्मचारियों के साथ संभाली सफाई व्यवस्था
गंदा पानी फैलने की सूचना के बाद अस्पताल अधीक्षक डॉ. अनुरूप साहू खुद मौके पर पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों के साथ मिलकर करीब दो घंटे तक प्रभावित क्षेत्रों की सफाई करवाई। इस दौरान ग्राउंड फ्लोर और आसपास के हिस्सों से गंदगी हटाई गई। वहीं, पीडब्ल्यूडी विभाग की मौजूदगी नहीं होने को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। अस्पताल प्रबंधन को तत्काल राहत के लिए खुद सफाई व्यवस्था संभालनी पड़ी।
मरीजों और परिजनों ने जताई नाराजगी
अस्पताल पहुंचे लोगों ने इस स्थिति पर नाराजगी जताई। नूर मोहम्मद शेख ने बताया कि वार्ड तक जाने वाले रास्ते में टॉयलेट का गंदा पानी फैला हुआ था, जिससे मरीजों और परिजनों को बदबू और गंदगी के बीच से गुजरना पड़ रहा था। वहीं ईश्वर बघेल ने कहा कि अस्पताल में इलाज कराने आने वाले मरीज ऐसी स्थिति में और बीमार हो सकते हैं। पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुरेन सिन्धा ने भी मामले को गंभीर बताते हुए जिला प्रशासन से तत्काल व्यवस्था सुधारने की मांग की है।
सफाई के लिए अधीक्षक को उतरना पड़ा मैदान में
संक्रमण का बढ़ सकता है खतरा
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार अस्पतालों में सीवरेज का गंदा पानी सामान्य गंदगी नहीं होता। इसमें कई तरह के हानिकारक बैक्टीरिया मौजूद हो सकते हैं, जो कमजोर इम्यूनिटी वाले मरीजों के लिए संक्रमण का कारण बन सकते हैं। डिमरापाल मेडिकल कॉलेज जैसे बड़े अस्पताल में ऐसी स्थिति मरीजों की सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। अब देखने वाली बात होगी कि प्रशासन इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए क्या कदम उठाता है।