छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ देवभोग पुलिस को एक बार फिर बड़ी सफलता हाथ लगी है। ओडिशा सीमा से लगे क्षेत्र में लगातार सक्रिय पुलिस ने वाहन चेकिंग अभियान के दौरान एक वाहन से 130 किलो गांजा बरामद किया है। खास बात यह रही कि तस्करों ने गांजे को सब्जी के कैरेटों के नीचे बड़ी चालाकी से छिपाकर रखा था, ताकि पुलिस को शक न हो। बरामद गांजे की कीमत करीब 65 लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
मुखबिर की सूचना पर खुटगांव चेकपोस्ट में घेराबंदी
जानकारी के अनुसार, देवभोग पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ओडिशा की ओर से एक संदिग्ध वाहन भारी मात्रा में मादक पदार्थ लेकर उत्तर प्रदेश की तरफ जाने वाला है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए खुटगांव चेकपोस्ट पर घेराबंदी कर सघन वाहन जांच अभियान शुरू किया। इस दौरान आने-जाने वाले वाहनों की बारीकी से तलाशी ली जा रही थी।
सब्जियों के नीचे छिपाकर रखा गया था गांजा
इसी बीच पुलिस को एक संदिग्ध वाहन दिखाई दिया, जिसे रोककर जांच की गई। वाहन के ऊपरी हिस्से में सब्जियों से भरे कैरेट रखे गए थे, जिससे पहली नजर में वह सामान्य मालवाहक गाड़ी लग रही थी। लेकिन पुलिस को वाहन चालक की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। जब पुलिस ने कैरेट हटाकर नीचे की जांच की, तो वहां गांजे के कई पैकेट छिपाकर रखे मिले। पुलिस ने मौके पर ही पूरे वाहन की तलाशी ली और कुल 130 किलो गांजा बरामद कर लिया।
उत्तर प्रदेश का आरोपी गिरफ्तार
पकड़े गए आरोपी की पहचान राहुल पांडेय के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि गांजे की खेप ओडिशा से उत्तर प्रदेश ले जाई जा रही थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ नारकोटिक्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़े हो सकते हैं तार
देवभोग पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुट गई है। जांच की जा रही है कि ओडिशा में इस गांजे की सप्लाई किसने की थी और उत्तर प्रदेश में इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था। पुलिस को आशंका है कि इस तस्करी के पीछे अंतरराज्यीय गिरोह सक्रिय हो सकता है।
सप्ताहभर में तीसरी बड़ी कार्रवाई
गौरतलब है कि बीते एक सप्ताह के भीतर यह देवभोग पुलिस की तीसरी बड़ी कार्रवाई है। इससे पहले भी पुलिस ने ओडिशा सीमा पर कार्रवाई करते हुए मध्य प्रदेश के तस्करों को गिरफ्तार किया था और एक करोड़ रुपए से अधिक कीमत का गांजा जब्त किया गया था। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से साफ है कि पुलिस सीमावर्ती इलाकों में नशे के कारोबार पर शिकंजा कसने के लिए पूरी तरह सतर्क है।लिस अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी सीमा क्षेत्रों में जांच अभियान और तेज किया जाएगा, ताकि प्रदेश में मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
