छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अवैध शराब बिक्री के मामले में गिरफ्तार एक विचाराधीन बंदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जेल में तबीयत बिगड़ने के बाद उसे रायगढ़ मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उपचार के दौरान उसने दम तोड़ दिया। घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया और अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा हुआ। जानकारी के अनुसार, कोतरारोड थाना क्षेत्र के नवापारा गांव निवासी संजय बघेल (28) को 10 जून को अवैध शराब बेचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया था। शनिवार सुबह जेल में उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद जेल प्रशासन ने उसे तत्काल रायगढ़ मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया।
इलाज के दौरान हुई मौत
अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में संजय का इलाज शुरू किया गया, लेकिन दोपहर में उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजन, रिश्तेदार और बड़ी संख्या में ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए। अचानक हुई मौत से नाराज लोगों ने अस्पताल परिसर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। मृतक के परिजनों का आरोप है कि जेल में संजय के साथ मारपीट की गई थी, जिसके कारण उसकी हालत बिगड़ी और अंततः उसकी मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि उन्हें कई घंटों तक शव देखने की अनुमति भी नहीं दी गई, जिससे उनका संदेह और बढ़ गया।
पिता ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
अस्पताल में हुई धक्का-मुक्की
स्थिति बिगड़ते देख पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों को समझाइश देकर शांत कराया गया। इस दौरान हल्की धक्का-मुक्की की भी स्थिति बनी, लेकिन अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद मामला नियंत्रण में आ गया। जेल अधीक्षक जी.एस. सोरी ने परिजनों द्वारा लगाए गए मारपीट के आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि संजय बघेल को 10 जून को जेल में दाखिल किया गया था।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार
प्रशासन का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूरी की जा रही हैं और मामले की जांच जारी है। परिजनों और ग्रामीणों ने मामले की न्यायिक जांच कराने, मौत के कारणों का खुलासा करने और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा और नाराजगी का माहौल बना हुआ है।
