छत्तीसगढ़ के Sarangarh-Bilaigarh district से एक चिंताजनक मामला सामने आया है, जिसने सड़क किनारे मिलने वाले खाद्य पदार्थों की स्वच्छता पर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। रेड़ा गांव में लगे एक ठेले पर कई लोगों ने गुपचुप (पानीपुरी) खाया, जिसके बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग दहशत में आ गए।
गुपचुप खाने के बाद बीमार लोगों की स्थिति
जानकारी के अनुसार, ठेले से गुपचुप खाने के कुछ ही घंटों बाद लगभग 25 लोगों को उल्टी, दस्त और तेज पेट दर्द जैसी शिकायतें होने लगीं। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि कई लोग खड़े भी नहीं हो पा रहे थे। बीमार होने वालों में महिलाओं की संख्या अधिक बताई जा रही है, जबकि तीन छोटे बच्चे भी इस समस्या से प्रभावित हुए हैं। अचानक एक साथ इतनी बड़ी संख्या में लोगों के बीमार पड़ने से पूरे गांव में चिंता का माहौल फैल गया।
अस्पताल में भर्ती और इलाज की व्यवस्था
बीमार लोगों को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र और फिर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों की टीम लगातार मरीजों की निगरानी कर रही है। कुछ गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए Raigarh के अस्पताल में रेफर किया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, समय पर इलाज मिलने के कारण अधिकांश मरीजों की हालत अब पहले से बेहतर है और वे धीरे-धीरे रिकवर कर रहे हैं। अस्पताल प्रशासन ने पर्याप्त दवाइयों और निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित की है।
फूड पॉइजनिंग की आशंका और जांच
प्राथमिक जांच में यह सामने आया है कि सभी प्रभावित लोगों ने एक ही ठेले से गुपचुप खाया था, जिसके चलते फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई जा रही है। जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. दीपक जायसवाल के अनुसार, मरीजों में फूड पॉइजनिंग जैसे लक्षण स्पष्ट रूप से देखे गए हैं और सभी की स्थिति फिलहाल स्थिर है। स्वास्थ्य विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है और गुपचुप व उपयोग किए गए पानी के सैंपल भी जांच के लिए भेजे जाने की संभावना है। अधिकारियों ने लोगों से बाहर के खुले खाद्य पदार्थों को लेकर सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
