Friday, 06 Nov 2026 भारत
W 𝕏 f
होम › रायपुर संभाग › दरिंदगी : 4 साल की चचेरी बहन से दुष्कर्म करने वाल…
.
.
रायपुर संभाग

दरिंदगी : 4 साल की चचेरी बहन से दुष्कर्म करने वाले कलयुगी भाई को 20 साल की कठोर कैद

Arang में 4 वर्षीय मासूम से दुष्कर्म के मामले में विशेष पॉक्सो कोर्ट ने आरोपी चचेरे भाई को दोषी ठहराते हुए 20 साल की सश्रम कैद की सजा सुनाई। कोर्ट ने मेडिकल रिपोर्ट, वैज्ञानिक साक्ष्य और गवाहों के आधार पर फैसला सुनाते हुए इस अपराध को समाज के लिए कलंक बताया।

अप्पू धीवर |  कीर्तिमान न्यूज
प्रकाशित: 21 May 2026, 04:52 PM · अपडेट: 27 Oct 2026, 04:32 PM
रायपुर
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से सटे आरंग इलाके में मानवता को शर्मसार करने वाले एक मामले में अदालत ने त्वरित और ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। विशेष पॉक्सो कोर्ट ने महज 4 साल की मासूम चचेरी बहन को अपनी हवस का शिकार बनाने वाले 23 वर्षीय कलयुगी भाई को दोषी करार देते हुए 20 साल की सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।

यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश (चतुर्थ फास्ट ट्रैक विशेष न्यायाधीश, पॉक्सो) गिरीश कुमार मंडावी की अदालत द्वारा सुनाया गया। कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि ऐसे जघन्य अपराध समाज के लिए कलंक हैं और अपराधियों में कानून का खौफ होना जरूरी है।

करौंदा खिलाने के बहाने ले गया था आरोपी

अभियोजन पक्ष द्वारा कोर्ट में दी गई जानकारी के अनुसार, यह दिल दहला देने वाली घटना 27 जुलाई 2025 की है। दोपहर करीब 1:30 बजे आरोपी अपनी ही 4 साल की मासूम चचेरी बहन को बहला-फुसलाकर और 'करौंदा' खिलाने के बहाने अपने साथ सुनसान जगह पर ले गया।

वह मासूम को घर के ही एक रसोईघर (खाना बनाने वाले कमरे) में ले गया, जहां उसने बच्ची की बेबसी का फायदा उठाते हुए उसके साथ दुष्कर्म जैसी हैवानियत को अंजाम दिया।

मासूम के रोने पर खुला खौफनाक राज

घटना के कुछ देर बाद जब लहूलुहान हालत में बच्ची अपने घर लौटी, तो वह गुमसुम थी। कुछ समय बाद जब वह पेशाब करने गई, तो असहनीय दर्द के कारण चीख-चीखकर रोने लगी। बच्ची को इस हाल में देखकर मां घबरा गई। जब मां ने दुलार कर कड़ाई से पूछताछ की, तो मासूम ने हकलाते हुए अपने चचेरे भाई की उस खौफनाक करतूत को बयां कर दिया।  श्रवण कर मां के पैरों तले जमीन खिसक गई। इसके बाद पीड़िता की मां ने हिम्मत दिखाते हुए 29 जुलाई 2025 को आरंग थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई और पुख्ता सबूत

शिकायत मिलते ही आरंग थाना पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तुरंत धारा और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान पुलिस ने:

  • पीड़िता और उसकी मां के विस्तृत बयान दर्ज किए।

  • घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए और बच्ची के पहने हुए कपड़े जब्त किए।

  • पीड़िता का तत्काल मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसमें दुष्कर्म की पुष्टि हुई।

कोर्ट ने साक्ष्यों के आधार पर सुनाया फैसला

मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में चली। अभियोजन पक्ष ने अदालत के सामने अकाट्य वैज्ञानिक साक्ष्य, मेडिकल रिपोर्ट और गवाहों के बयान पेश किए। बचाव पक्ष की तमाम दलीलों को खारिज करते हुए, माननीय न्यायाधीश गिरीश कुमार मंडावी की अदालत ने आरोपी को कृत्य का मुख्य दोषी पाया और उसे 20 साल की कैद के साथ-साथ आर्थिक दंड की भी सजा सुनाई।

इस फैसले के बाद पीड़िता के परिवार ने राहत की सांस ली है और क्षेत्र के लोगों ने न्यायपालिका के इस त्वरित निर्णय का स्वागत किया है।

क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? सुधार का अनुरोध करें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें