पश्चिम बंगाल की राजनीति को लेकर एक बड़ी खबर आ रही है, जिसमें कहा जा रहा है कि सुभेंदु अधिकारी ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री पद की शपथ लिया है और पश्चिम बंगाल में पहली बार बीजेपी की सरकार बन गई है। वायरल पोस्ट्स में यह भी दावा किया जा रहा है कि कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में भव्य शपथ ग्रहण समारोह आयोजित हुआ, जिसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी , केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित एनडीए शासित कई राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल हुए।
शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह विशेष रूप से मौजूद रहे। इसके साथ ही एनडीए शासित कई राज्यों के मुख्यमंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति थे , सुवेंदु अधिकारी के साथ 5 विधायकों ने मंत्री पद की शपथ ली,
सुभेदु का राजनैतिक करियर
सुभेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल की राजनीति के एक प्रमुख और प्रभावशाली नेता हैं, जिन्होंने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से जुड़े संगठनात्मक कार्यों और स्थानीय राजनीति से की थी। बाद में वे टीएमसी से जुड़े और पार्टी में तेजी से उभरते हुए पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक मजबूत नेता के रूप में स्थापित हुए। टीएमसी में रहते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं और पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री पद भी संभाला। वे विशेष रूप से पूर्वी मिदनापुर और नंदीग्राम क्षेत्र में अपनी मजबूत पकड़ के लिए जाने जाते हैं। नंदीग्राम आंदोलन के दौरान उनकी भूमिका ने उन्हें राज्य स्तर पर एक बड़ी राजनीतिक पहचान दिलाई।
वर्ष 2020 में उन्होंने टीएमसी से इस्तीफा देकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया, जिससे राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला। इसके बाद 2021 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में उन्होंने नंदीग्राम सीट से चुनाव लड़ा और भारी राजनीतिक मुकाबले के बीच जीत हासिल की। वर्तमान में वे पश्चिम बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के रूप में कार्यरत हैं और बीजेपी के प्रमुख चेहरों में शामिल हैं। राज्य की राजनीति में वे सरकार के खिलाफ मुखर भूमिका निभाते हुए लगातार मुद्दों को उठाते रहे हैं। उनका राजनीतिक करियर संगठनात्मक अनुभव, जमीनी पकड़ और राज्य स्तरीय संघर्षों से जुड़ा रहा है, जिसने उन्हें पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक प्रभावशाली नेता के रूप में स्थापित किया है।
