छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां शादी के सिर्फ दो दिन बाद ही दुल्हन का कथित बॉयफ्रेंड उसके ससुराल पहुंच गया और जमकर हंगामा कर दिया। उसने परिवार के सामने दावा किया कि दुल्हन उसके साथ पिछले कई वर्षों से रिलेशनशिप में है और वह उसी की प्रेमिका है। युवक ने यह भी कहा कि उसके पास दोनों के निजी वीडियो और फोटो मौजूद हैं, जिन्हें वह जरूरत पड़ने पर सबूत के तौर पर पेश कर सकता है।
गांव कठौतिया में हुई थी धूमधाम से शादी
जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत कठौतिया निवासी नवीन कुमार, जो किराना दुकान चलाता है, उसकी शादी 6 मई को कोड़ा गांव की अनिता के साथ पूरे रीति-रिवाजों के साथ संपन्न हुई थी। शादी के बाद 7 मई को दुल्हन की विदाई हुई और वह अपने ससुराल कठौतिया पहुंची। परिवार में खुशी का माहौल था और रिसेप्शन की तैयारियां जोर-शोर से चल रही थीं।
रिसेप्शन से पहले पहुंचा कथित प्रेमी और किया बड़ा दावा
इसी बीच शादी के अगले ही दिन दुल्हन का कथित प्रेमी मयूर अग्रवाल, जो ड्राय फ्रूट्स का व्यापार करता है, अचानक ससुराल पहुंच गया। उसने घर में मौजूद लोगों के सामने दावा किया कि वह पिछले करीब तीन साल से युवती के साथ रिश्ते में है और उसके बिना नहीं रह सकता। उसके इस दावे से पूरे परिवार में अफरा-तफरी मच गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
दोनों पक्षों में तीखी बहस और पुलिस की एंट्री
बॉयफ्रेंड के आरोपों के बाद दोनों परिवारों के बीच जमकर बहस और विवाद शुरू हो गया। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि हंगामे की सूचना पुलिस को देनी पड़ी। पुलिस मौके पर पहुंची और दूल्हा, दुल्हन तथा कथित प्रेमी को मनेंद्रगढ़ कोतवाली ले जाया गया। वहां देर रात करीब 2 बजे तक दोनों पक्षों के बीच समझाइश और बातचीत चलती रही, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया।

दूल्हे ने दुल्हन को अपनाने से किया इनकार
पूरे घटनाक्रम के बाद दूल्हे नवीन कुमार ने बड़ा फैसला लेते हुए दुल्हन को अपने साथ रखने से साफ इनकार कर दिया। उसने कहा कि जब उसे पहले से यह पता चला कि उसकी पत्नी किसी अन्य व्यक्ति के साथ लंबे समय से संबंध में थी, तो वह उसे स्वीकार नहीं कर सकता। दूल्हे ने तलाक लेने की इच्छा भी जताई। इसके बाद परिवार में और तनाव बढ़ गया और रिसेप्शन कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया।
थाने में चला समझाइश का दौर, शिकायत नहीं दर्ज
मामले की गंभीरता को देखते हुए तीनों पक्षों को थाने में बुलाया गया, जहां पुलिस ने दोनों परिवारों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि देर रात तक चली बातचीत के बावजूद किसी प्रकार का अंतिम निर्णय नहीं हो सका। मनेंद्रगढ़ कोतवाली प्रभारी विवेक पाटले ने बताया कि अब तक किसी भी पक्ष की ओर से लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। फिलहाल मामले को आपसी समझौते के लिए छोड़ दिया गया है।
