"मुख्यमंत्री विष्णु देव साय" के लिए 275 परिणाम मिले
शिविर : 314 में से 250 से अधिक आवेदनों का मौके पर समाधान, ग्रामीणों को मिली बड़ी राहत
छत्तीसगढ़ के विष्णु देव साय के नेतृत्व में चल रहे ‘सुशासन तिहार’ अभियान के तहत धमतरी जिले के कुकरेल में आयोजित समाधान शिविर में प्रशासन ने 314 में से 250 से अधिक आवेदनों का मौके पर ही निपटारा किया। इस शिविर में 17 ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं और अधिकांश को तुरंत मंजूरी या प्रक्रिया में लिया गया। जल संसाधन, स्वास्थ्य, राजस्व, कृषि और महिला-बाल विकास विभाग के माध्यम से लोगों को योजनाओं का सीधा लाभ भी दिया गया। अभियान का उद्देश्य प्रशासन को जनता के करीब लाना और शिकायतों का तेज, पारदर्शी समाधान सुनिश्चित करना है।
छत्तीसगढ़
सुशासन तिहार 2026 : CM साय का प्रदेशव्यापी दौरा शुरू, गांव-गांव पहुंचकर लेंगे योजनाओं का फीडबैक
छत्तीसगढ़ में 1 मई से शुरू हुए सुशासन तिहार 2026 के तहत मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेशव्यापी दौरे की शुरुआत कर दी है। वे गांव-गांव जाकर जनता से सीधे संवाद कर योजनाओं के क्रियान्वयन का फीडबैक ले रहे हैं। जशपुर के सुदूर ग्राम चंदागढ़ में औचक निरीक्षण कर उन्होंने जमीनी स्थिति का जायजा लिया। 10 जून तक चलने वाले इस अभियान में प्रदेशभर में जन समस्या निवारण शिविर लगाए जाएंगे, जहां समस्याओं का त्वरित समाधान और पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिया जाएगा।
समाधान शिविर : 1166 आवेदनों पर कार्रवाई, 548 का मौके पर निराकरण
प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार के अंतर्गत महासमुंद विकासखंड के ग्राम बम्हनी में समाधान शिविर आयोजित किया गया, जिसमें 16 ग्राम पंचायतों से प्राप्त कुल 1166 आवेदनों पर कार्रवाई की गई। शिविर में 548 आवेदनों का मौके पर निराकरण किया गया, जबकि शेष मामलों को समय-सीमा में निपटाने के निर्देश दिए गए। कार्यक्रम में महासमुंद विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा, जनप्रतिनिधि एवं वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। विधायक ने विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित समाधान और विकास कार्यों के विस्तार पर जोर दिया।
छत्तीसगढ़ में 3556 बीज उत्पादक किसानों को 8 करोड़ से अधिक की प्रोत्साहन राशि सीधे खातों में ट्रांसफर
छत्तीसगढ़ में कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री राम विचार नेताम ने नवा रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में 3556 बीज उत्पादक किसानों को 8.01 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके खातों में भेजी। इस अवसर पर उन्होंने किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज उत्पादन के लिए प्रोत्साहित किया और धान के बजाय दलहन, तिलहन, मिलेट्स जैसी कम पानी वाली फसलों को अपनाने की सलाह दी।
बलौदाबाजार के रिसदा से सुशासन तिहार की शुरुआत, शिविर में 47% आवेदनों का मौके पर समाधान
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के ग्राम रिसदा से ‘सुशासन तिहार’ अभियान की शुरुआत हुई, जिसका उद्देश्य सरकारी सेवाओं को सीधे ग्रामीणों तक पहुँचाना है। शिविर में 573 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें लगभग 47% का तत्काल निपटारा किया गया। शेष मामलों के लिए समय-सीमा तय की गई। इस पहल में विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाकर एक ही जगह पर योजनाओं का लाभ दिया गया, जैसे हेलमेट वितरण, आयुष्मान कार्ड, डिजिटल एक्स-रे और कौशल विकास प्रमाण पत्र।
श्रमिकों के लिए खुला खजाना : बजट में 256 करोड़ का प्रावधान, आवास और ई-रिक्शा सहायता राशि में भारी बढ़ोतरी
छत्तीसगढ़ सरकार, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में, श्रमिकों के कल्याण के लिए कई योजनाएं चला रही है। पिछले 2 साल 4 माह में लगभग 800 करोड़ रुपये DBT के माध्यम से श्रमिकों के खातों में भेजे गए हैं। श्रमिक बच्चों की शिक्षा के लिए अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना के तहत 200 बच्चों को अच्छे निजी स्कूलों में प्रवेश दिया जाएगा। सरकार कई अन्य योजनाएं जैसे छात्रवृत्ति, औजार किट, मेधावी प्रोत्साहन और श्रम अन्न योजना भी चला रही है।
छत्तीसगढ़ में डिजिटल प्रशासन को नई दिशा, मुख्यमंत्री साय ने सेवा सेतु पोर्टल का किया शुभारंभ
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नवा रायपुर में ‘सेवा सेतु’ पोर्टल का शुभारंभ किया, जो ई-डिस्ट्रिक्ट परियोजना का उन्नत संस्करण है। इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से 441 सरकारी सेवाएं एक ही पोर्टल पर उपलब्ध होंगी और नागरिक व्हाट्सएप, वेब पोर्टल तथा सेवा केंद्रों के जरिए आसानी से सेवाओं का लाभ ले सकेंगे।
बड़ी राहत : संपत्ति रजिस्ट्री पर 0.60% उपकर खत्म, पंजीयन सस्ता हुआ
छत्तीसगढ़ सरकार ने अचल संपत्ति की रजिस्ट्री पर लगने वाला 0.60% अतिरिक्त उपकर समाप्त कर दिया है, जिससे अब जमीन और मकान की रजिस्ट्री सस्ती हो जाएगी। यह फैसला छत्तीसगढ़ उपकर (संशोधन) अधिनियम, 2026 के तहत तत्काल प्रभाव से लागू हुआ है। सरकार का कहना है कि इससे आम नागरिकों, किसानों और मध्यमवर्गीय परिवारों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा, जैसे 1 करोड़ रुपये की संपत्ति पर लगभग 60,000 रुपये की बचत।
विष्णु देव साय ने श्रमिक योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर दिया जोर, ई-श्रम साथी ऐप लॉन्च
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने श्रम विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और उनका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। बैठक में लखन देवांगन भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने नई श्रम संहिताओं के बेहतर क्रियान्वयन, श्रमिकों की सुरक्षा, औचक निरीक्षण और डिजिटल तकनीक के उपयोग पर जोर दिया। इस दौरान “ई-श्रम साथी” मोबाइल ऐप लॉन्च किया गया, जिससे श्रमिकों को घर बैठे रोजगार की जानकारी मिल सके।
छत्तीसगढ़ में वरिष्ठ नागरिकों के लिए मजबूत सामाजिक सुरक्षा तंत्र, पेंशन, वृद्धाश्रम और तीर्थ यात्रा योजनाओं से मिल रहा सम्मानजनक जीवन
छत्तीसगढ़ सरकार मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में और समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के मार्गदर्शन में वरिष्ठ नागरिकों के लिए समग्र सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था लागू कर रही है। राज्य में वृद्धाश्रम, पैलिएटिव केयर, वृद्धावस्था पेंशन, सहायक उपकरण और तीर्थ यात्रा जैसी योजनाओं के माध्यम से बुजुर्गों को आर्थिक, सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी सहायता दी जा रही है। प्रक्रियाओं को सरल बनाते हुए आधार आधारित सीधे लाभ सुनिश्चित किए गए हैं। इन प्रयासों का उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानजनक, सुरक्षित और आत्मनिर्भर जीवन प्रदान करना है।
शिवरीनारायण में 9 दिवसीय श्रीराम कथा में शामिल हुए मुख्यमंत्री, जगद्गुरु रामभद्राचार्य से लिया आशीर्वाद
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण स्थित तेंदुवा धाम में आयोजित 9 दिवसीय श्रीराम कथा में अपनी पत्नी के साथ भाग लिया। उन्होंने पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की और जगद्गुरु रामभद्राचार्य से आशीर्वाद प्राप्त किया। अपने संबोधन में उन्होंने छत्तीसगढ़ को भगवान श्रीराम से जुड़ी पावन भूमि बताते हुए इसकी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं की सराहना की। कार्यक्रम में कई धार्मिक और सामाजिक परियोजनाओं का लोकार्पण भी हुआ।
बदली जिंदगी : बैंक से डरने वाली सकीना बनी आत्मनिर्भर उद्यमी, रोज़ 6-7 हजार की कमाई
छत्तीसगढ़ की “बिहान” योजना (SRLM) के तहत डाड़गांव की सकीना की जिंदगी में बड़ा बदलाव आया है। पहले बैंक जाने से घबराने वाली सकीना अब स्वयं सहायता समूह से जुड़कर आत्मनिर्भर उद्यमी बन गई हैं। डीएमएफ से मिली सीमेंट मिक्सर मशीन और शटरिंग प्लेट्स तथा 60,000 रुपये के ऋण से उन्होंने निर्माण कार्यों में अपना व्यवसाय शुरू किया, जिससे उन्हें प्रतिदिन लगभग 6,000–7,000 रुपये की आय हो रही है।