Canara Bank Share: घरेलू शेयर बाजार में तेजी के बीच सार्वजनिक क्षेत्र के केनरा बैंक के शेयर में गुरुवार, 15 अक्टूबर को बड़ी गिरावट दर्ज की गई। एक दिन पहले शानदार तिमाही नतीजों के बाद बढ़त हासिल करने वाला यह शेयर अगले कारोबारी दिन 6% से अधिक टूटकर ₹116.71 तक पहुंच गया।
बैंक के मुनाफे में बढ़ोतरी, शुद्ध ब्याज आय में मजबूती और फंसे हुए कर्ज में सुधार के बावजूद शेयर में आई गिरावट ने निवेशकों का ध्यान खींचा है। कारोबार के दौरान शेयर अपने 52 सप्ताह के निचले स्तर ₹116.55 के करीब पहुंच गया। ऐसे में निवेशकों के सामने सवाल है कि मौजूदा गिरावट खरीदारी का अवसर है या आगे की स्थिति स्पष्ट होने तक इंतजार करना बेहतर होगा।
दूसरी तिमाही में केनरा बैंक का मुनाफा बढ़ा
वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में केनरा बैंक ने मुनाफे के मोर्चे पर बढ़त दर्ज की। बैंक का शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 8.40% बढ़कर ₹5,175 करोड़ हो गया। वहीं, शुद्ध ब्याज आय (NII) में 20.39% की वृद्धि हुई और यह Canara Bank Share: घरेलू शेयर बाजार में तेजी के बीच सार्वजनिक क्षेत्र के केनरा बैंक के शेयर में गुरुवार, 15 अक्टूबर को बड़ी गिरावट दर्ज की गई। एक दिन पहले शानदार तिमाही नतीजों के बाद बढ़त हासिल करने वाला यह शेयर अगले कारोबारी दिन 6% से अधिक टूटकर ₹116.71 तक पहुंच गया।
बैंक के मुनाफे में बढ़ोतरी, शुद्ध ब्याज आय में मजबूती और फंसे हुए कर्ज में सुधार के बावजूद शेयर में आई गिरावट ने निवेशकों का ध्यान खींचा है। कारोबार के दौरान शेयर अपने 52 सप्ताह के निचले स्तर ₹116.55 के करीब पहुंच गया। ऐसे में निवेशकों के सामने सवाल है कि मौजूदा गिरावट खरीदारी का अवसर है या आगे की स्थिति स्पष्ट होने तक इंतजार करना बेहतर होगा।
दूसरी तिमाही में केनरा बैंक का मुनाफा बढ़ा
वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में केनरा बैंक ने मुनाफे के मोर्चे पर बढ़त दर्ज की। बैंक का शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 8.40% बढ़कर ₹5,175 करोड़ हो गया। वहीं, शुद्ध ब्याज आय (NII) में 20.39% की वृद्धि हुई और यह ₹11,005 करोड़ पर पहुंच गई।
बैंक के डिपॉजिट और एडवांस में भी बढ़ोतरी
केनरा बैंक के कुल कारोबार में भी अच्छी वृद्धि दर्ज की गई। बैंक के ग्लोबल डिपॉजिट सालाना आधार पर 13.13% बढ़कर ₹16,97,305 करोड़ हो गए। वहीं, ग्लोबल एडवांस में 19.46% की बढ़ोतरी हुई और यह ₹13,75,060 करोड़ पर पहुंच गया।फंसे हुए कर्ज में सुधार से मिली मजबूती
बैंक की परिसंपत्ति गुणवत्ता में भी सुधार देखने को मिला। दूसरी तिमाही में ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (Gross NPA) घटकर 1.33% रह गया। वहीं, नेट NPA में गिरावट के बाद यह 0.30% पर आ गया। NPA में कमी को बैंक के लिए सकारात्मक संकेत माना जाता है, क्योंकि इससे खराब कर्ज के दबाव में कमी का पता चलता है।
अच्छे नतीजों के बाद भी क्यों गिरा केनरा बैंक का शेयर?
तिमाही नतीजे मजबूत रहने के बावजूद शेयर में आई गिरावट की एक संभावित वजह मुनाफावसूली मानी जा रही है। कई बार अच्छे नतीजों के बाद निवेशक पहले से हुई बढ़त पर मुनाफा निकालते हैं, जिससे शेयर पर दबाव बन सकता है। हालांकि, केवल मुनाफावसूली को ही गिरावट की वजह मानना सही नहीं होगा।केनरा बैंक पर मोतीलाल ओसवाल की राय
तिमाही नतीजों के बाद ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज ने केनरा बैंक के शेयर पर अपनी Buy रेटिंग बरकरार रखी है। फर्म ने शेयर के लिए ₹160 का टारगेट प्राइस दिया है। मौजूदा बाजार भाव और ब्रोकरेज के टारगेट के बीच अंतर को देखते हुए निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ सकती है।
पर पहुंच गई। बैंक के डिपॉजिट और एडवांस में भी बढ़ोतरी
केनरा बैंक के कुल कारोबार में भी अच्छी वृद्धि दर्ज की गई। बैंक के ग्लोबल डिपॉजिट सालाना आधार पर 13.13% बढ़कर ₹16,97,305 करोड़ हो गए। वहीं, ग्लोबल एडवांस में 19.46% की बढ़ोतरी हुई और यह ₹13,75,060 करोड़ पर पहुंच गया।फंसे हुए कर्ज में सुधार से मिली मजबूती
बैंक की परिसंपत्ति गुणवत्ता में भी सुधार देखने को मिला। दूसरी तिमाही में ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (Gross NPA) घटकर 1.33% रह गया। वहीं, नेट NPA में गिरावट के बाद यह 0.30% पर आ गया। NPA में कमी को बैंक के लिए सकारात्मक संकेत माना जाता है, क्योंकि इससे खराब कर्ज के दबाव में कमी का पता चलता है।
अच्छे नतीजों के बाद भी क्यों गिरा केनरा बैंक का शेयर?
तिमाही नतीजे मजबूत रहने के बावजूद शेयर में आई गिरावट की एक संभावित वजह मुनाफावसूली मानी जा रही है। कई बार अच्छे नतीजों के बाद निवेशक पहले से हुई बढ़त पर मुनाफा निकालते हैं, जिससे शेयर पर दबाव बन सकता है। हालांकि, केवल मुनाफावसूली को ही गिरावट की वजह मानना सही नहीं होगा।केनरा बैंक पर मोतीलाल ओसवाल की राय
तिमाही नतीजों के बाद ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज ने केनरा बैंक के शेयर पर अपनी Buy रेटिंग बरकरार रखी है। फर्म ने शेयर के लिए ₹160 का टारगेट प्राइस दिया है। मौजूदा बाजार भाव और ब्रोकरेज के टारगेट के बीच अंतर को देखते हुए निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ सकती है।









