गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के मरवाही थाना क्षेत्र में हुए चर्चित अपहरण और फिरौती मामले का पुलिस ने तीन दिनों के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने अपहृत गिरीश यादव को सुरक्षित बरामद करते हुए तीन अंतरराज्यीय आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामले में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश अभी जारी है। ग्राम उषाढ़ निवासी 41 वर्षीय गिरीश यादव का 20 जून की सुबह उनके घर से अपहरण कर लिया गया था।
बताया जा रहा है कि दो अज्ञात युवक पिस्टल के बल पर उन्हें अपने साथ ले गए और एक कार में बैठाकर अज्ञात स्थान पर पहुंचा दिया। घटना के बाद गिरीश यादव की पत्नी ने मरवाही थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस ने अपहरण, फिरौती और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की।
बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग के मार्गदर्शन और पुलिस अधीक्षक मनोज खिलारी के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अविनाश कुमार मिश्रा के नेतृत्व में जिला साइबर सेल और मरवाही पुलिस की संयुक्त टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई को आगे बढ़ाया गया।
पुलिस जांच की जारी
जांच के दौरान सामने आया कि अपहरणकर्ताओं ने गिरीश यादव को छोड़ने के बदले उनके परिवार से 20 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। आरोपियों ने फोन कर रकम नहीं देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी थी। पुलिस ने कॉल डिटेल रिकॉर्ड, मोबाइल लोकेशन, डिजिटल ट्रैकिंग और सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपियों की गतिविधियों का पता लगाया। तकनीकी जांच और विभिन्न राज्यों की पुलिस के सहयोग से संदिग्धों की लोकेशन ट्रेस की गई, जिसके बाद कार्रवाई करते हुए अपहृत को सुरक्षित मुक्त कराया गया। इस मामले में पुलिस ने महाराष्ट्र के लातूर निवासी पुंडलिक केंद्रे, राजस्थान के जोधपुर निवासी चंद्रशेखर तथा उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद निवासी शेषपाल सिंह को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से एक पिस्टल, छह जिंदा कारतूस, छह एंड्रॉयड मोबाइल फोन और पुलिस की पहचान दर्शाने के लिए नीली बत्ती एवं ‘पुलिस’ लिखी प्लेट लगी एक स्कॉर्पियो-एन वाहन भी जब्त किया गया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। फरार आरोपियों की तलाश के लिए अलग-अलग टीमों को लगाया गया है।