बदलाव : नए रंग की यूनिफॉर्म में नजर आएंगे छात्र, एक साथ मिलेंगे दो सेट गणवेश
छत्तीसगढ़ में 16 जून से शुरू होने वाले नए शैक्षणिक सत्र में सरकारी स्कूलों के छात्र-छात्राएं नए रंग और डिजाइन की यूनिफॉर्म पहनकर स्कूल जाएंगे। पहली से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को इस बार प्रवेश उत्सव के दौरान ही दो-दो सेट गणवेश उपलब्ध कराने की तैयारी की गई है।
छत्तीसगढ़ में 16 जून से शुरू होने वाले नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए शिक्षा विभाग ने व्यापक तैयारियां तेज कर दी हैं। इस बार सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले लाखों विद्यार्थी नए रंग और नए डिजाइन की यूनिफॉर्म पहनकर स्कूल पहुंचेंगे। राज्य सरकार ने गणवेश वितरण व्यवस्था में भी बड़ा बदलाव किया है, जिसके तहत विद्यार्थियों को प्रवेश उत्सव के दौरान ही दो-दो सेट यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने की तैयारी की जा रही है।
इस वर्ष पहली से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए यूनिफॉर्म के रंग और डिजाइन में बदलाव किया गया है। अब तक प्रचलित सफेद शर्ट और नीली पैंट की जगह विद्यार्थी नीले चेक प्रिंट वाली शर्ट के साथ स्लेटी (ग्रे) रंग की पैंट अथवा ट्युनिक में नजर आएंगे। नए गणवेश को अधिक आकर्षक और टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से डिजाइन में यह परिवर्तन किया गया है।
पहली बार सत्र की शुरुआत में ही मिलेंगे दो सेट
शिक्षा विभाग के अनुसार इस बार विद्यार्थियों को शैक्षणिक सत्र शुरू होने के साथ ही यूनिफॉर्म के दोनों सेट उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। पूर्व में एक सेट यूनिफॉर्म सत्र के आरंभ में दिया जाता था, जबकि दूसरा सेट अक्टूबर-नवंबर के दौरान वितरित किया जाता था। नई व्यवस्था से विद्यार्थियों और अभिभावकों को राहत मिलेगी तथा पूरे वर्ष गणवेश की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी। राज्य के सरकारी और अनुदान प्राप्त विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा पहली से आठवीं तक के लाखों विद्यार्थियों को इस योजना का लाभ मिलेगा। शिक्षा विभाग का मानना है कि समय पर गणवेश उपलब्ध होने से विद्यार्थियों में विद्यालय के प्रति आकर्षण बढ़ेगा और प्रवेश उत्सव को भी अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
हाथकरघा संघ को सौंपी गई निर्माण
गणवेश निर्माण और आपूर्ति का कार्य छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विकास एवं विपणन सहकारी संघ मर्यादित को सौंपा गया है। संघ द्वारा प्रदेशभर में निर्धारित मानकों के अनुसार यूनिफॉर्म तैयार कर विद्यालयों तक पहुंचाई जा रही है। विभागीय अधिकारियों द्वारा आपूर्ति और वितरण की नियमित मॉनिटरिंग भी की जा रही है।
गणवेश वितरण में इस बार दूरस्थ एवं आदिवासी बहुल इलाकों को प्राथमिकता दी गई है। हाथकरघा संघ के अनुसार बस्तर, सरगुजा और बिलासपुर संभाग के अधिकांश जिलों में दोनों सेट यूनिफॉर्म की आपूर्ति पूरी कर ली गई है। वहीं दुर्ग संभाग में पहले और दूसरे सेट की सप्लाई अंतिम चरण में है। रायपुर संभाग में भी वितरण प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और सत्र शुरू होने से पहले सभी विद्यालयों तक गणवेश पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
प्रवेश उत्सव के साथ होगा वितरण
शिक्षा विभाग ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि 16 जून से शुरू होने वाले प्रवेश उत्सव के दौरान विद्यार्थियों को यूनिफॉर्म वितरण सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही नए सत्र में पाठ्यपुस्तकों, छात्रवृत्ति और अन्य शैक्षणिक सुविधाओं की उपलब्धता पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। नए शैक्षणिक सत्र को सुचारु रूप से शुरू करने के लिए विभागीय स्तर पर लगातार समीक्षा की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यूनिफॉर्म, पाठ्यपुस्तकों और अन्य आवश्यक सामग्री की आपूर्ति समय पर पूरी करने के प्रयास जारी हैं, ताकि विद्यार्थियों को सत्र के पहले दिन से ही सभी सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।