Wednesday, 04 Nov 2026 भारत
ब्रेकिंग
Police Arrest: पांच लाख रुपए की मांग का आरोप, 20 हजार की रिश्वत लेते प्रधान आरक्षक गिरफ्तार Bilaspur Crime: देर रात घूमने से रोकती थी दादी, नाराज पोते ने खाट के पाए से पीटकर की हत्या Kanker News: धान खरीदी केंद्र से 4,651 क्विंटल धान गायब, 1.44 करोड़ की गड़बड़ी में दो गिरफ्तार Woman Death Case: बाफना हाउस में युवती की मौत से मचा हड़कंप, न्याय की मांग को लेकर सड़क पर उतरे लोग CG News: हाइवा में आग लगते ही मचा हड़कंप, ड्राइवर की सूझबूझ से बची जान Mahadev Betting App: सौरभ चंद्राकर रायपुर कोर्ट में पेश, बढ़ेगी पूछताछ, हवाला नेटवर्क और रसूखदारों पर नजर Police Arrest: पांच लाख रुपए की मांग का आरोप, 20 हजार की रिश्वत लेते प्रधान आरक्षक गिरफ्तार Bilaspur Crime: देर रात घूमने से रोकती थी दादी, नाराज पोते ने खाट के पाए से पीटकर की हत्या Kanker News: धान खरीदी केंद्र से 4,651 क्विंटल धान गायब, 1.44 करोड़ की गड़बड़ी में दो गिरफ्तार Woman Death Case: बाफना हाउस में युवती की मौत से मचा हड़कंप, न्याय की मांग को लेकर सड़क पर उतरे लोग CG News: हाइवा में आग लगते ही मचा हड़कंप, ड्राइवर की सूझबूझ से बची जान Mahadev Betting App: सौरभ चंद्राकर रायपुर कोर्ट में पेश, बढ़ेगी पूछताछ, हवाला नेटवर्क और रसूखदारों पर नजर
W 𝕏 f
होम › राज्य सरकार › संस्कृति का संरक्षण : बस्तर की तुपकी को मिली नई उ…
आत्मनिर्भर बनी चंदा
आत्मनिर्भर बनी चंदा
राज्य सरकार

संस्कृति का संरक्षण : बस्तर की तुपकी को मिली नई उड़ान, महतारी वंदन योजना से महिला बनी आत्मनिर्भर

महतारी वंदन योजना की राशि का उपयोग बस्तर की चंदा ने पारंपरिक तुपकी निर्माण में किया है। जगदलपुर के मांझीगुड़ा गांव की चंदा अब परिवार के साथ मिलकर गोंचा पर्व के लिए तुपकी तैयार कर रही हैं, जिससे आय बढ़ने के साथ बस्तर की लोक संस्कृति को भी बढ़ावा मिल रहा है।

कीर्तिमान डेस्क
प्रकाशित: 15 Jul 2026, 03:07 PM · अपडेट: 30 Oct 2026, 02:09 PM
रायपुर
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश
महतारी वंदन योजना महिलाओं को केवल आर्थिक सहायता ही नहीं दे रही, बल्कि उनकी पारंपरिक आजीविकाओं और स्थानीय संस्कृति को भी नई ऊर्जा प्रदान कर रही है। प्रदेश के बस्तर अंचल में इसका एक प्रेरक उदाहरण देखने को मिला है, जहां बस्तर जिला के जगदलपुर विकासखंड के ग्राम मांझीगुड़ा की चंदा ने योजना से प्राप्त राशि का उपयोग गोंचा पर्व में उपयोग होने वाली पारंपरिक तुपकी के निर्माण में किया है। इससे न केवल उनके परिवार की आय बढ़ने की उम्मीद है, बल्कि बस्तर की सांस्कृतिक धरोहर को भी नई पीढ़ी तक पहुंचाने में मदद मिल रही है।

गोंचा पर्व में गूंजेगी तुपकी की आवाज

बस्तर का प्रसिद्ध गोंचा पर्व धार्मिक आस्था, लोक परंपरा और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है। पर्व की तैयारियों के बीच चंदा अपने पति चिगडू और परिवार के अन्य सदस्यों के
गोंचा पर्व के लिए तैयार कर रही हैं तुपकी 
साथ मिलकर बड़ी संख्या में तुपकी तैयार कर रही हैं। गोंचा पर्व के दौरान इन तुपकियों की विशेष मांग रहती है, जिससे परिवार को अतिरिक्त आय प्राप्त होती है और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है।
तुपकी बांस से बनाया जाने वाला बस्तर का पारंपरिक यंत्र है, जिसमें मलाग्नी वृक्ष के बीज (पेंगू) का उपयोग कर बन्दूक जैसी ध्वनि उत्पन्न की जाती है। भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा के दौरान श्रद्धालु इसी तुपकी से पारंपरिक सलामी देते हैं। यह परंपरा वर्षों से बस्तर की सांस्कृतिक पहचान का अभिन्न हिस्सा रही है और आज भी पूरे उत्साह एवं श्रद्धा के साथ निभाई जाती है।

तुपकी बना रही बस्तर की पहचान

चंदा बताती हैं कि महतारी वंदन योजना से प्रत्येक माह मिलने वाली राशि ने उन्हें आर्थिक आत्मविश्वास दिया। इसी सहायता से उन्होंने तुपकी निर्माण के लिए आवश्यक बांस और अन्य सामग्री खरीदी। अब पूरा परिवार इस कार्य में जुटा है और गोंचा पर्व के दौरान अच्छी आय होने की उम्मीद है। उनका कहना है कि महतारी वंदन योजना महिलाओं के लिए केवल आर्थिक सहयोग नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर बनने और अपनी पारंपरिक कला एवं कौशल को आजीविका से जोड़ने का अवसर भी है। इससे परिवार की आय बढ़ रही है और बस्तर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण भी हो रहा है।

महतारी वंदन योजना में 29वीं किस्त जारी

गौरतलब है कि योजना के प्रारंभ से अब तक 29 किस्तों के माध्यम से 18 हजार 805 करोड़ रुपये से अधिक की राशि महिलाओं को सीधे उनके खातों में उपलब्ध कराई जा चुकी है। महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए राज्य सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में योजना के लिए 8,200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? सुधार का अनुरोध करें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें