मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में आयोजित प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार 2026 जिले में आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान और शासकीय सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। आयोजित समाधान शिविरों ने जिले के युवाओं को बड़ी राहत प्रदान की है। पहले जहां लाइसेंस बनवाने के लिए युवाओं को बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते थे, वहीं अब गांवों में आयोजित शिविरों में ही यह सुविधा उपलब्ध होने से उनके समय और खर्च दोनों की बचत हो रही है।
जिले में आयोजित 41 समाधान शिविरों के माध्यम से जिला परिवहन विभाग द्वारा 1755 युवाओं का लर्निंग लाइसेंस बनाकर जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में उन्हें सौंपा गया है। जिले में सर्वाधिक 921 लर्निंग लाइसेंस महासमुंद विकासखंड में बनाए गए। इसके अलावा पिथौरा में 279, बसना में 208, बागबाहरा में 195 तथा सरायपाली में 152 युवाओं को लर्निंग लाइसेंस प्रदान किए गए।
यातायात नियमों के पालन का दिया संदेश
राहुल पटेल की चिंता हुई दूर
ग्राम लाफिनखुर्द के युवा राहुल पटेल ने बताया कि लाइसेंस नहीं होने के कारण उन्हें हमेशा इस बात की चिंता रहती थी कि कहीं यातायात जांच के दौरान उनका चालान न कट जाए। समाधान शिविर में आवेदन करने के कुछ ही समय बाद उनकी आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर लर्निंग लाइसेंस जारी कर दिया गया।
ग्राम आंवराडबरी के अखिलेश साहू और ग्राम परकोम के कमलेश मन्नाडे ने बताया कि लर्निंग लाइसेंस मिलने के बाद अब उन्हें वाहन चलाने में किसी प्रकार का भय नहीं रहेगा। उन्होंने कहा कि वे यातायात नियमों का पालन करते हुए सुरक्षित और निश्चिंत होकर बाइक चला सकेंगे।
