राजधानी रायपुर के आमानाका थाना क्षेत्र में वर्ष 2025 में हुई 4 वर्षीय बालक मयंक मिश्रा की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। घटना के करीब सात माह बाद फरार आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार 1 नवंबर 2025 को आमानाका क्षेत्र में 4 वर्षीय मयंक मिश्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की सूचना मिली थी। बच्चे को अचेत अवस्था में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक जांच के बाद मर्ग कायम कर विवेचना शुरू की गई।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डॉक्टरों ने स्पष्ट किया कि बच्चे की मौत गला दबाकर हत्या किए जाने से हुई थी। इसके बाद पुलिस ने मामले में हत्या की धारा जोड़कर जांच को आगे बढ़ाया और केस को गंभीरता से लिया।
जांच में सामने आया चौंकाने वाला कारण
विवेचना के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक की मां और आरोपी जयदीप सिंह (27 वर्ष), निवासी टाटीबंध के बीच अवैध संबंध थे। आरोपी का घर में आना-जाना भी था। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी बच्चे को अपने संबंधों में बाधा मानता था, जिसके चलते उसने मासूम की हत्या कर दी और मौके से फरार हो गया। डीसीपी पश्चिम संदीप पटेल, अतिरिक्त डीसीपी राहुल देव शर्मा के निर्देशन तथा एसीपी पुरानी बस्ती देवांश सिंह राठौर एवं थाना प्रभारी आमानाका सुधांशु बघेल के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार आरोपी की तलाश में जुटी रही। तकनीकी साक्ष्यों और लगातार पतासाजी के आधार पर 10 जून 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।पूछताछ और न्यायिक कार्रवाई
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि मामले की विवेचना अभी जारी है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। आमानाका थाना पुलिस की यह कार्रवाई एक महत्वपूर्ण सफलता मानी जा रही है।
