मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की दूरदर्शी मंशा के अनुरूप जशपुर जिले में विद्यार्थियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त नालंदा परिसर का निर्माण कार्य तेज गति से जारी है। इस परियोजना का उद्देश्य जिले के छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के लिए आधुनिक, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण अध्ययन वातावरण उपलब्ध कराना है। प्रशासन का दावा है कि यह परिसर शिक्षा के क्षेत्र में जशपुर को नई पहचान दिलाएगा। 8 जून को जिले के प्रभारी सचिव अंकित आनंद ने निर्माणाधीन नालंदा परिसर का मौके पर पहुंचकर विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति, गुणवत्ता और डिजाइन मानकों की बारीकी से समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गुणवत्ता से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। साथ ही उन्होंने तय समयसीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने पर जोर दिया।
11 करोड़ की लागत से 2 एकड़ में बन रहा 500 सीटर हाईटेक परिसर
जशपुर नगर के वार्ड क्रमांक 14 में पुराने विस्तार डिपो के पास लगभग 2 एकड़ भूमि पर यह भव्य नालंदा लाइब्रेरी परिसर विकसित किया जा रहा है। इस परियोजना की कुल लागत लगभग 11 करोड़ रुपये है। यहां एक साथ 500 विद्यार्थियों के बैठने की क्षमता विकसित की जा रही है, जिससे बड़ी संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को लाभ मिलेगा। निर्माण पूरा होने के बाद यह परिसर केवल एक पुस्तकालय नहीं बल्कि एक पूर्ण हाईटेक अध्ययन केंद्र के रूप में कार्य करेगा। यहां विद्यार्थियों को 24 घंटे निःशुल्क इंटरनेट सुविधा, डिजिटल ई-लाइब्रेरी, कंप्यूटर लैब, शांत अध्ययन कक्ष, कैंटीन और सुव्यवस्थित पार्किंग जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के छात्रों को एक समान और बेहतर अध्ययन माहौल मिल सकेगा।शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगी यह परियोजना
अधिकारियों के अनुसार यह नालंदा परिसर जशपुर जिले में शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित होगा। इससे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हजारों विद्यार्थियों को सीधा लाभ मिलेगा और उन्हें बड़े शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा। स्थानीय लोगों ने भी इस परियोजना को युवाओं के भविष्य के लिए एक सकारात्मक और दूरगामी पहल बताया है। निरीक्षण के दौरान रोहित व्यास, अभिषेक कुमार, विश्वास राव मस्के, योगेश्वर उपाध्याय सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे और निर्माण कार्य की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
