फीफा वर्ल्ड कप में बड़ा उलटफेर देखने को मिला, जब इक्वाडोर ने चार बार की विश्व चैंपियन जर्मनी को 2-1 से हराकर नॉकआउट चरण में जगह बना ली। न्यूयॉर्क में खेले गए ग्रुप-ई के इस मुकाबले में इक्वाडोर ने शानदार प्रदर्शन दिखाया और विश्व फुटबॉल की सबसे मजबूत टीमों में शुमार जर्मनी को बाहर का रास्ता दिखा दिया।
इस ऐतिहासिक जीत के बाद पूरे इक्वाडोर में जश्न का माहौल है। देश के राष्ट्रपति डैनियल नोबोआ ने इस उपलब्धि के सम्मान में शुक्रवार को राष्ट्रीय अवकाश घोषित कर दिया। मुश्किल हालात से निकलकर दिखाई दमदार वापसी टूर्नामेंट की शुरुआत इक्वाडोर के लिए अच्छी नहीं रही थी। टीम को पहले मुकाबले में आइवरी कोस्ट से हार का सामना करना पड़ा, जबकि कुराकाओ के खिलाफ मैच गोलरहित ड्रॉ रहा। ऐसे में जर्मनी जैसी मजबूत टीम के खिलाफ जीत की उम्मीद बेहद कम मानी जा रही थी।
खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन
हालांकि मुख्य कोच सेबेस्टियन बेकासेस की रणनीति और खिलाड़ियों के आत्मविश्वास ने मैदान पर पूरी तस्वीर बदल दी। टीम ने दबाव को अपने ऊपर हावी नहीं होने दिया और शानदार प्रदर्शन करते हुए विश्व फुटबॉल की दिग्गज टीम को मात दे दी। राष्ट्रपति ने खिलाड़ियों की सराहना की जीत के बाद राष्ट्रपति डैनियल नोबोआ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर खिलाड़ियों और कोचिंग स्टाफ की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि कठिन दौर, आलोचनाओं और चुनौतियों के बावजूद टीम ने जिस तरह वापसी की है, उसने पूरे देश को गर्व करने का अवसर दिया है। इसी खुशी में उन्होंने अगले दिन राष्ट्रीय अवकाश की घोषणा भी कर दी। शुरुआती बढ़त के बावजूद नहीं बच सकी जर्मनी मैच की शुरुआत जर्मनी के पक्ष में रही।

टीम ने ऐतिहासिक जीत अपने नाम करी
गोल खाने के बाद इक्वाडोर ने तेज आक्रमण शुरू किया और सिर्फ नौवें मिनट में नीलसन एंगुलो ने शानदार लंबी दूरी का शॉट लगाकर स्कोर 1-1 से बराबर कर दिया। उनके इस गोल पर जर्मनी के अनुभवी गोलकीपर मैनुअल नोएर भी बेबस नजर आए। 77वें मिनट में आया जीत का गोल मुकाबले का सबसे अहम पल 77वें मिनट में आया। कॉर्नर किक पर केविन रोड्रिगेज ने शानदार हेडर से गेंद को गोल के सामने पहुंचाया, जहां गोंजालो प्लाटा ने बिना कोई गलती किए गेंद को नेट में पहुंचा दिया। इस गोल ने इक्वाडोर को 2-1 की बढ़त दिला दी।
अंतिम मिनटों और इंजरी टाइम में जर्मनी ने बराबरी के लिए लगातार हमले किए, लेकिन इक्वाडोर का डिफेंस पूरी मजबूती के साथ डटा रहा और टीम ने ऐतिहासिक जीत अपने नाम कर ली। विश्व कप इतिहास में दर्ज हुई बड़ी उपलब्धि इस जीत के साथ इक्वाडोर ने अपने फुटबॉल इतिहास का नया अध्याय लिख दिया। यह केवल दूसरी बार है जब टीम फीफा वर्ल्ड कप के ग्रुप चरण से आगे बढ़कर नॉकआउट दौर में पहुंची है। इससे पहले उसने 2006 विश्व कप में यह उपलब्धि हासिल की थी। इस बार जर्मनी जैसी मजबूत टीम को हराकर मिली सफलता को देश के सबसे यादगार खेल क्षणों में गिना जा रहा है।
