छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में इन दिनों आगजनी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। ताजा मामला मंगलवार सुबह का है, जहाँ व्यस्ततम कारोबारी इलाके बॉम्बे मार्केट स्थित सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के जोनल कार्यालय में अचानक भीषण आग लग गई। सुबह-सुबह बैंक परिसर से उठती आग की लपटों और काले धुएं के गुबार को देखकर पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और चारों तरफ अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया।
सुबह 9 बजे की घटना, दमकल की गाड़ियां मौके पर
मिली जानकारी के अनुसार, घटना सुबह करीब 9:00 बजे की है जब बैंक खुलने की तैयारियां चल रही थीं। अचानक ऑफिस की एक मंजिल से धुएं का भारी गुबार निकलने लगा। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। स्थानीय लोगों ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी।
सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां और पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचे। आग की भयावहता को देखते हुए अतिरिक्त दमकल वाहनों को भी काम पर लगाया गया है।
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शॉर्ट सर्किट की आशंका: शुरुआती जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आग लगने की वजह सर्वर रूम या एयर कंडीशनर (AC) में हुआ शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। हालांकि, आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है।
इलाके की घेराबंदी (Cordened Off): सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने बॉम्बे मार्केट की ओर आने-जाने वाले रास्तों को बैरिकेड्स लगाकर बंद कर दिया है, ताकि दमकल कर्मियों को काम करने में कोई बाधा न आए और आम नागरिक सुरक्षित रहें।
दस्तावेजों और लॉकर को नुकसान का खतरा: जोनल ऑफिस होने के कारण यहाँ भारी मात्रा में महत्वपूर्ण वित्तीय दस्तावेज, कंप्यूटर और रिकॉर्ड्स मौजूद थे। आशंका जताई जा रही है कि आग से बैंक का काफी रिकॉर्ड जलकर खाक हो गया है। फिलहाल लॉकर रूम तक आग न पहुंचे, इसके लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।
राहत और बचाव कार्य की स्थिति
| विवरण | वर्तमान स्थिति |
| जनहानि/आहत | राहत की बात है कि बैंक पूरी तरह खुला नहीं था, इसलिए अंदर कोई फंसा नहीं था। अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। |
| राहत कार्य | दमकल की कई गाड़ियां लगातार पानी की बौछार कर आग पर काबू पाने की कोशिश कर रही हैं। |
| धुएं का प्रकोप | बैंक के भीतर वेंटिलेशन कम होने के कारण धुआं भर गया है, जिससे दमकल कर्मियों को मास्क पहनकर अंदर दाखिल होना पड़ रहा है। |
पुलिस प्रशासन का बयान: "हमारी प्राथमिकता सबसे पहले आग पर पूरी तरह काबू पाने और इसे आसपास की व्यावसायिक इमारतों में फैलने से रोकने की है। आग बुझने के बाद ही नुकसान का सही आकलन और आग लगने के वास्तविक कारणों की जांच की जाएगी।"
राजधानी में लगातार हो रही आगजनी की घटनाओं ने एक बार फिर कमर्शियल बिल्डिंग्स के फायर सेफ्टी ऑडिट पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस और दमकल विभाग की टीम मुस्तैदी से जांच और राहत कार्य में जुटी हुई है।