राजधानी रायपुर सहित पूरे छत्तीसगढ़ में इन दिनों भीषण गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने से सुबह होते ही तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। सुबह 10 से 11 बजे के बीच ही सड़कों पर ऐसा महसूस होने लगता है मानो दोपहर का समय हो। कामकाजी लोग, विद्यार्थी, मजदूर और व्यापार से जुड़े लोग मजबूरी में तपती धूप के बीच अपने गंतव्य की ओर निकल रहे हैं।
मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में हीट वेव को लेकर अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी होने की संभावना है। खासकर 25 मई से शुरू होने वाले नौतपा के दौरान प्रदेश में तापमान 46 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार नौतपा लोगों को जमकर तपाएगा और दोपहर के समय लू का असर अधिक खतरनाक हो सकता है।
अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या
डॉक्टरों ने लोगों को दी सावधानी बरतने की सलाह
चिकित्सकों ने लोगों से अत्यधिक गर्मी को देखते हुए सावधानी बरतने की अपील की है। डॉक्टरों का कहना है कि घर से बाहर निकलते समय सिर को कपड़े या टोपी से ढंककर निकलें, जेब में प्याज रखें और साथ में ठंडे पानी की बोतल जरूर रखें। साथ ही धूप में अधिक देर तक रहने से बचें और समय-समय पर पानी पीते रहें। चिकित्सकों ने घरों में ग्लूकोज, ग्लूकॉन-डी और ओआरएस घोल रखने की भी सलाह दी है ताकि शरीर में पानी की कमी न होने पाए।
स्वास्थ्य विभाग ने दवाइयों की उपलब्धता बढ़ाई
मानसून का बेसब्री से इंतजार
लगातार बढ़ती गर्मी और उमस के बीच अब लोगों को मानसून का इंतजार है। आम नागरिकों का कहना है कि तेज धूप और गर्म हवाओं ने दैनिक जीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। ऐसे में हर किसी की निगाहें अब मानसून की पहली बारिश पर टिकी हुई हैं, जिससे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
