छत्तीसगढ़ के कबीरधाम और जांजगीर-चांपा जिलों से सामने आए दो अलग-अलग मामलों ने सरकारी स्कूलों में अनुशासन और शिक्षकों की जवाबदेही को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर कबीरधाम में एक शिक्षक पर स्कूल परिसर में शराब पीने का आरोप लगा है, वहीं दूसरी ओर जांजगीर-चांपा में एक शिक्षक और शिक्षिका से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग सक्रिय हो गया है।
दोनों मामलों की जांच जारी है और विभाग ने जांच पूरी होने तक किसी भी तरह की अपुष्ट जानकारी पर भरोसा नहीं करने की अपील की है। कबीरधाम जिले के पंडरिया वनांचल क्षेत्र स्थित ग्राम तेलियापानी लेदरा के सरकारी स्कूल में पदस्थ शिक्षक सुरेश कुमार नेताम पर स्कूल परिसर में शराब पीने का आरोप लगाया गया है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि यदि आरोप सही साबित होते हैं तो यह स्कूल जैसी शैक्षणिक संस्था की गरिमा के विपरीत है और इससे विद्यार्थियों पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
ग्रामीणों द्वारा सख्त कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर संबंधित शिक्षक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। दूसरा मामला जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ विकासखंड का है, जहां एक शिक्षक और शिक्षिका से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से साझा किया जा रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल है और कई लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई है। हालांकि, प्रशासन और शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि वीडियो की सत्यता की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में जांच पूरी होने से पहले किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। शिक्षा विभाग ने दोनों मामलों को लिया गंभीरता से शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दोनों मामलों की अलग-अलग स्तर पर जांच कराई जा रही है।दोनो मामलो की जांच
जांजगीर-चांपा के मामले में वायरल वीडियो की तकनीकी और तथ्यात्मक जांच की जा रही है, जबकि कबीरधाम में लगाए गए आरोपों की भी जांच जारी है। विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि जांच पूरी होने तक अफवाहों या सोशल मीडिया पर प्रसारित अपुष्ट जानकारी पर विश्वास न करें। आरोप सही पाए जाने पर होगी कार्रवाई जिला शिक्षा अधिकारी के अनुसार, दोनों घटनाएं विभाग के संज्ञान में हैं और नियमानुसार जांच की जा रही है।
यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय नियमों के तहत आवश्यक अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल दोनों मामलों की जांच जारी है और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
