छत्तीसगढ़ के तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए आज का दिन खास रहने वाला है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय प्रदेश के 7 लाख 14 हजार 446 तेंदूपत्ता संग्राहकों के बैंक खातों में वर्ष 2023 का बोनस सीधे हस्तांतरित करेंगे। इस अवसर पर कुल 162 करोड़ 32 लाख 19 हजार 864 रुपये की राशि लाभार्थियों को डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से दी जाएगी।
राज्य सरकार के अनुसार तेंदूपत्ता बिक्री से प्राप्त शुद्ध आय का 80 प्रतिशत हिस्सा बोनस के रूप में संग्राहकों को वितरित किया जा रहा है। पूरी राशि बिना किसी बिचौलिये के सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाएगी, जिससे भुगतान प्रक्रिया पारदर्शी और तेज बनेगी।
तेंदूपत्ता बाेनस से बस्तर संभाग को अधिक लाभ
बोनस वितरण में बस्तर संभाग को सबसे अधिक लाभ मिलेगा। यहां की 125 समितियों से जुड़े 1 लाख 54 हजार 112 तेंदूपत्ता संग्राहकों के बीच करीब 45.87 करोड़ रुपये वितरित किए जाएंगे। वहीं बीजापुर जिले के संग्राहकों को 10.70 करोड़ रुपये और कांकेर जिले के लाभार्थियों को 6.38 करोड़ रुपये की बोनस राशि मिलेगी। इसके अलावा प्रदेश के अन्य जिलों के पात्र संग्राहकों को भी उनके हिस्से की राशि सीधे खातों में भेजी जाएगी। सरकार का मानना है कि बोनस वितरण से वन क्षेत्रों में रहने वाले लाखों परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।डीबीटी से सीधे खातों में पहुंचेगी बोनस राशि
तेंदूपत्ता संग्रहण से जुड़े लोगों को अतिरिक्त आय मिलने से उनकी आजीविका को सहारा मिलेगा और ग्रामीण एवं वनांचल क्षेत्रों की आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। डीबीटी के माध्यम से राशि सीधे खातों में पहुंचने से लाभार्थियों को समय पर और पारदर्शी तरीके से भुगतान सुनिश्चित होगा।