सुकमा जिले में गांजा तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। कोंटा पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान एक पिकअप वाहन से करीब 308 किलो गांजा बरामद किया है। मामले में राजस्थान के रहने वाले दो युवकों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 54 लाख रुपए है। वाहन और अन्य सामान को मिलाकर जब्त संपत्ति की कुल कीमत 1.64 करोड़ रुपए से अधिक बताई जा रही है।
पुलिस के अनुसार, मुखबिर से गांजा तस्करी की सूचना मिलने के बाद मंगलवार सुबह कृष्ण मंदिर चौक, ढोंडरा के पास नाकाबंदी की गई। सुबह करीब 6:10 बजे ओडिशा की ओर से आ रही पिकअप क्रमांक RJ-27-GE-6757 को पुलिस टीम ने जांच के लिए रोका। वाहन की तलाशी लेने पर नमक की बोरियों के नीचे छिपाकर रखे गए गांजे के पैकेट मिले।
राजस्थान के रहने वाले हैं दोनों आरोपी
जांच के दौरान वाहन से कुल 150 पैकेट बरामद किए गए, जिनमें करीब 308 किलो गांजा होने की बात सामने आई। इसके बाद पुलिस ने वाहन में सवार दोनों युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शिव कुमार प्रजापति और उदय राम बलई के रूप में की है। दोनों राजस्थान के रहने वाले बताए गए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस को जानकारी मिली है कि गांजे की खेप ओडिशा से लाई जा रही थी और इसे राजस्थान की ओर ले जाने की तैयारी थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बड़ी मात्रा में गांजा आरोपियों को कहां से मिला और इसकी डिलीवरी किसे की जानी थी। साथ ही तस्करी से जुड़े सप्लायर और नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी
यह कार्रवाई सुकमा एसपी मयंक गुर्जर के निर्देशन में की गई। कोंटा एसडीओपी जितेंद्र कुंभकार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सूचना के आधार पर घेराबंदी कर संदिग्ध पिकअप को पकड़ा। तलाशी के दौरान बड़ी मात्रा में गांजा मिलने के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने गांजे के साथ तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे वाहन को भी जब्त किया है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। ओडिशा से छत्तीसगढ़ के रास्ते दूसरे राज्यों तक गांजे की तस्करी के मामले पहले भी सामने आते रहे हैं। ऐसे में कोंटा क्षेत्र में एक साथ 308 किलो गांजा पकड़े जाने को पुलिस की बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ के आधार पर इस खेप से जुड़े पूरे नेटवर्क की कड़ियां तलाश रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।