सरगुजा में तेज बारिश के दौरान पेड़ के नीचे खड़े होना तीन लोगों के लिए जानलेवा साबित हुआ। आकाशीय बिजली गिरने से दो मासूम बच्चों और एक किसान की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक 12 वर्षीय बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का लहर है ग्रामीणों के अनुसार हादसे के समय तेज बारिश के साथ हवाएं भी चल रही थीं और पेड़ से आम गिर रहे थे। दोनों बच्चे आम बीन रहे थे, तभी अचानक बिजली गिर गई।
तीन लोगों की मौके पर मौत
ग्रामीणों के मुताबिक यह हादसा सोमवार शाम करीब चार बजे हुआ। मृतकों में दुप्पी चौरा निवासी 9 वर्षीय कुमारी रानी शामिल है, जो अपने रिश्तेदारों के यहां ग्राम डुमकी आई हुई थी। दूसरा मृतक पांच वर्षीय सागर है। वहीं खेत में मवेशी चरा रहे किसान रामसाय भी बारिश से बचने के लिए उसी आम के पेड़ के नीचे आकर खड़े हो गए थे। कुछ ही क्षण बाद तेज गर्जना के साथ पेड़ पर आकाशीय बिजली गिरी और तीनों उसकी चपेट में आ गए।
बारिश और बिजली गिरने के दौरान ध्यान रखने वाले बातें
- गरज-चमक या आंधी-तूफान शुरू होते ही किसी सुरक्षित भवन में शरण लें।
- खुले मैदान, खेत और ऊंचे स्थानों पर रुकने से बचें।
- अकेले खड़े पेड़, मोबाइल टावर और बिजली के खंभों के नीचे बिल्कुल न खड़े हों।
- लोहे की छतरी या धातु की वस्तुओं का उपयोग न करें।
- खेतों में काम कर रहे किसान, मजदूर और पशुपालक तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले जाएं।
- बिजली कड़कने के दौरान टीवी, कंप्यूटर, एयर कंडीशनर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्लग निकाल दें।
- तार वाले टेलीफोन का इस्तेमाल न करें। चार्जर से जुड़े मोबाइल या लैपटॉप का उपयोग भी टालें।
गंभीर को अस्पताल और पुलिस मौके पर पहुंची
हादसे के समय पेड़ के नीचे मौजूद 12 वर्षीय श्रद्धा भी बिजली की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गई। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उसका उपचार जारी है। डॉक्टरों की निगरानी में बच्ची की हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई पूरी की। इसके बाद तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेज दिया गया। एक ही हादसे में तीन लोगों की मौत से पूरे गांव में शोक का माहौल है। मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव के लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं।