छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले से मानवता को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है, जहाँ प्रेम और विश्वास की आड़ में एक युवती के आत्मसम्मान के साथ खिलवाड़ किया गया। पुलिस ने एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया है, जिसने शादी का झांसा देकर युवती का न केवल शारीरिक शोषण किया, बल्कि उसे दूसरे शहर में ले जाकर बेसहारा भी छोड़ दिया।
मोबाइल से शुरू हुई धोखे की दास्तां
इस दुखद घटनाक्रम की शुरुआत साल 2017 में हुई थी। बिलासपुर की रहने वाली 27 वर्षीय पीड़िता की मुलाकात मोबाइल फोन के जरिए रायगढ़ के जूटमिल थाना क्षेत्र निवासी अकबर अली (27) से हुई। धीरे-धीरे बातों का सिलसिला बढ़ा और युवक ने युवती को अपने प्रेम जाल में फंसा लिया। आरोपी ने उसे सुनहरे भविष्य और शादी के झूठे सपने दिखाए, जिससे युवती उस पर पूरी तरह भरोसा करने लगी।
दो साल तक लिव-इन में शोषण और फिर विश्वासघात
पीड़िता के अनुसार, धोखे की यह पटकथा अगस्त 2022 में तब हकीकत में बदली जब आरोपी ने उसे रायगढ़ बुलाया और एक मित्र के घर पर शादी का झांसा देकर पहली बार शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद आरोपी का दुस्साहस और बढ़ गया। साल 2023 में वह युवती को दिल्ली ले गया, जहाँ उन्होंने एक किराए के मकान में लिव-इन रिलेशनशिप में रहना शुरू किया।
लगभग दो वर्षों तक युवती इस उम्मीद में आरोपी के साथ रही कि वे जल्द ही शादी के बंधन में बंध जाएंगे। हालांकि, फरवरी 2026 में आरोपी के असली इरादे सामने आ गए। उसने अचानक शादी करने से साफ इनकार कर दिया और पीड़िता को दिल्ली में अकेला छोड़कर वापस रायगढ़ भाग आया। पीड़िता ने बार-बार संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन आरोपी ने केवल टालमटोल किया और अंततः संबंध खत्म कर दिए।
पुलिस की कार्रवाई और एट्रोसिटी एक्ट
न्याय की गुहार लेकर पीड़िता रायगढ़ के महिला थाने पहुंची, जहाँ उसने अपनी आपबीती सुनाई। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मामला दर्ज किया और आरोपी की तलाश शुरू की। मामले की गंभीरता और साक्ष्यों को देखते हुए पुलिस ने आरोपी अकबर अली के खिलाफ न केवल दुष्कर्म की धाराओं में केस दर्ज किया, बल्कि इसमें एट्रोसिटी एक्ट (अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति नृशंसता निवारण अधिनियम) की धारा 3(2)(v) भी जोड़ी है। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
सुरक्षा का भरोसा: SSP की अपील
रायगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) शशि मोहन सिंह ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के साथ समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने समाज की अन्य महिलाओं और बेटियों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार के शोषण या अत्याचार के खिलाफ बिना डरे पुलिस के पास आएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस प्रशासन हर पीड़ित महिला के साथ पूरी संवेदनशीलता के साथ खड़ा है और दोषियों को उनके अंजाम तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
