छत्तीसगढ़-उड़ीसा सीमा पर नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में महासमुंद पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना कोमाखान क्षेत्र के ग्राम टेमरी जांच नाका पर पुलिस ने एक बिना नंबर की जुपिटर स्कूटी से भारी मात्रा में अवैध गांजा जब्त किया है। उड़ीसा के केसिंगा से गांजा लेकर मध्य प्रदेश की ओर जा रहे दो शातिर तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। जब्त किए गए गांजे का कुल वजन 22.160 किलोग्राम बताया जा रहा है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 11 लाख 8 हजार रुपये आंकी गई है। मिली जानकारी के अनुसार, 3 अगस्त 2026 की दोपहर कोमाखान पुलिस की टीम जब टेमरी जांच नाके पर रूटीन चेकिंग कर रही थी, तभी मुखबिर से एक पक्की सूचना मिली।
सूचना पर तुरंत की गई कार्रवाई
सूचना यह थी कि बिना नंबर की एक सफेद-ग्रे रंग की जुपिटर स्कूटी में दो युवक भारी मात्रा में गांजा लादकर उड़ीसा की ओर से छत्तीसगढ़ में प्रवेश करने वाले हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत घेराबंदी की रणनीति बनाई और राजपत्रित अधिकारियों (SDOP) को इसकी सूचना दी। स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में नाकेबंदी सख्त कर दी गई। कुछ ही देर में खरियार रोड (उड़ीसा) की तरफ से एक संदेहास्पद स्कूटी आती दिखाई दी। पुलिस ने जैसे ही इशारा करके गाड़ी रोकी, स्कूटी सवार दोनों युवक घबरा गए। पूछताछ में चालकों ने अपना नाम विपाल अहिरवार (18 वर्ष) - निवासी जिगना, जिला दतिया (मध्य प्रदेश) संदीप अहिरवार (18 वर्ष) - निवासी टूका किलचुवारा, जिला झांसी (उत्तर प्रदेश) बताया। जब पुलिस ने वाहन की तलाशी ली, तो अधिकारी भी हैरान रह गए।
गांजे के साथ और सभी संपत्ति जब्त
तस्करों ने स्कूटी के सामने थैले के अलावा सीट और डिक्की के अंदर विशेष जगह बनाकर गांजे के पैकेट छिपा रखे थे। मौके पर ही वैधानिक प्रक्रियाओं (NDPS एक्ट की धारा 50) का पालन करते हुए इलेक्ट्रॉनिक्स तराजू से गांजे का वजन कराया गया। पुलिस ने मौके से गांजे के साथ-साथ तस्करी में इस्तेमाल की जा रही जुपिटर स्कूटी (कीमत ₹1,15,000) और आरोपियों के पास से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। कुल मिलाकर पुलिस ने लगभग 12,26,500 रुपये की मशरूका (संपत्ति) जब्त की है। आरोपियों के पास गांजा परिवहन का कोई वैध दस्तावेज या लाइसेंस नहीं था।आरोपियों को गिरफ्तार कर परिजनों को दी सूचना
सहा. उप निरीक्षक (ASI) सिकंदर भोई की शिकायत और देहाती नालसी के आधार पर थाना कोमाखान में आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 20(B)(II)(C) और 29 के तहत अपराध दर्ज कर लिया गया है। चूंकि यह मामला गैर-जमानती श्रेणी का है, इसलिए दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर उनके परिजनों को सूचित कर दिया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि उड़ीसा में यह माल किससे खरीदा गया था और मध्य प्रदेश में इसे किसे डिलीवर किया जाना था।