5वीं वाहिनी सशस्त्र बल की कर्मचारी कल्याण साख समिति में करीब 3 करोड़ रुपये के गबन मामले की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। पुलिस ने इस मामले में एक और आरोपी प्रधान आरक्षक संजय चौहान को गिरफ्तार किया है। इससे पहले समिति के अध्यक्ष शिवकांत तिवारी को पुलिस ने हिरासत में लिया था। अब उनके सहायक रहे संजय चौहान की भूमिका सामने आने के बाद कार्रवाई की गई है। यह मामला कंगोली स्थित 5वीं वाहिनी की कर्मचारी कल्याण साख समिति से जुड़ा हुआ है।
जमा राशि में हेराफेरी का आरोप
पुलिस जांच में सामने आया है कि वर्ष 2012 से 2021 के बीच समिति के लोन खातों और जमा राशि में अनियमितता की गई। आरोप है कि इस दौरान फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर लाखों रुपये की हेराफेरी की गई। शिकायत मिलने के बाद परपा थाने में मामला दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की थी।
जांच के दौरान पुलिस को समिति के अध्यक्ष और प्रधान आरक्षक शिवकांत तिवारी की भूमिका संदिग्ध मिली थी। इसके बाद पुलिस ने 29 जुलाई को उन्हें गिरफ्तार कर पूछताछ शुरू की। पूछताछ और दस्तावेजों की जांच के बाद अब वित्तीय कार्यों में सहयोग करने वाले प्रधान आरक्षक संजय चौहान पर भी पुलिस का शक गहराया।
संजय चौहान को लिया गया हिरासत में
3 करोड़ की राशि अब भी बाकी
फिलहाल पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती गबन की गई करीब 3 करोड़ रुपये की राशि का पता लगाना है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि रकम किस तरीके से निकाली गई, किन खातों में भेजी गई और इस पूरे मामले में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। पुलिस दस्तावेजों, बैंक रिकॉर्ड और समिति के वित्तीय लेनदेन की बारीकी से जांच कर रही है।