महासमुंद जिले की कोमाखान पुलिस ने नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने ओडिशा से मध्य प्रदेश ले जाया जा रहा 17.500 किलोग्राम अवैध गांजा जब्त करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख 75 हजार रुपए बताई गई है, जबकि कुल जब्ती (वाहन व मोबाइल सहित) लगभग 9 लाख 38 हजार रुपए आंकी गई है।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी, परिवहन और बिक्री के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स को सूचना मिली कि ओडिशा से छत्तीसगढ़ होते हुए एक टाटा इंडिका कार में गांजा की बड़ी खेप ले जाई जा रही है।
टेमरी जांच नाके पर घेराबंदी कर पकड़ी गई कार
सूचना के आधार पर कोमाखान पुलिस ने ग्राम टेमरी स्थित जांच नाके पर घेराबंदी की और संदिग्ध टाटा इंडिका कार (MP-04-CB-0848) को रोका। तलाशी के दौरान वाहन से 17.500 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया, जिसके बाद मौके पर ही दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दिनेश गिरी गोस्वामी (35), निवासी जाखनोद, थाना पोहरी, जिला शिवपुरी (मध्यप्रदेश) तथा ललिता जाटव (26), निवासी धुवानी, जिला शिवपुरी (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। दोनों से पुलिस द्वारा विस्तृत पूछताछ की जा रही है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे यह गांजा ओडिशा के भवानीपटना से खरीदकर मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में बेचने के लिए ले जा रहे थे। प्रारंभिक जांच में यह एक अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क का हिस्सा होने की आशंका जताई जा रही है।महिला और बच्चे को ढाल बनाकर कर रहे थे सफर
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी तस्करी के दौरान संदेह से बचने के लिए एक महिला और बच्चे को साथ लेकर यात्रा कर रहे थे, ताकि पुलिस जांच से बचा जा सके और किसी को शक न हो।
इस कार्रवाई में पुलिस ने 17.500 किलोग्राम गांजा, तस्करी में प्रयुक्त टाटा इंडिका कार और दो मोबाइल फोन जब्त किए हैं।
जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 9 लाख 38 हजार रुपये आंकी गई है। कोमाखान थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(ii)(बी) के तहत अपराध दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों और सप्लाई चैन की जांच में जुटी हुई है।